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एक दशक से लमगौड़ी में नहीं है स्थायी पटवारी
ब्यूरो/अमर उजाला, रुद्रप्रयाग
Updated Wed, 16 Mar 2016 08:40 PM IST
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ऊखीमठ तहसील के पटवारीवृत्त लमगौड़ी में एक दशक से स्थायी राजस्व उपनिरीक्षक नहीं हैं। ऐसे में गुप्तकाशी के राजस्व उपनिरीक्षक को अतिरिक्त चार्ज दिया गया है। काम की अधिकता होने से राजस्व उप निरीक्षक लमगौड़ी को अधिक समय नहीं दे पा रहे हैं। ऐसे में ग्रामीणों को राजस्व संबंधी कार्यों को निपटाने के लिए करीब 12 किमी की दूर गुप्तकाशी जाना पड़ रहा है।
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पटवारी वृत्त लमगौड़ी में लमगौड़ी, दिउली भणिग्राम, फली पसालत, अंद्रवाड़ी, ल्वारा, सल्या, ल्वाणी, तुलंगा आदि गांव आते हैं। वर्ष 2013 में आई आपदा के दौरान भी इस क्षेत्र में जन-धन की हानि हुई थी। स्थायी राजस्व उपनिरीक्षक नहीं होने से सरकारी सहायता के लिए जरूरी दस्तावेजों को बनाने में ग्रामीणों को भारी परेशानी उठानी पड़ी। ज्येष्ठ उप प्रमुख विष्णुकांत शुक्ला, क्षेत्र पंचायत सदस्य सुबोध बगवाड़ी, लमगौड़ी की प्रधान दीपा देवी, ल्वारा के कैलाश पुरोहित, अंद्रवाड़ी के गणेश सेमवाल ने बताया कि राजस्व उपनिरीक्षक नहीं होने से ग्रामीणों को चरित्र प्रमाणपत्र, आय प्रमाणपत्र समेत राजस्व संबंधी विभिन्न प्रमाणपत्रों को बनाने के लिए गुप्तकाशी जाना पड़ता है। कई बार गुप्तकाशी राजस्व उपनिरीक्षक के अन्यत्र जाने से ग्रामीणों को बैरंग लौटना पड़ता है। उन्होंने पटवारीवृत्त लमगौड़ी में स्थायी राजस्व उपनिरीक्षक तैनात करने की मांग की।
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इधर, उप जिलाधिकारी यूएस चौहान ने बताया कि इस संबंध में शासन को अवगत कराया गया है। वैकल्पिक व्यवस्था के रूप में गुप्तकाशी राजस्व उप निरीक्षक को चार्ज दिया गया है। स्थायी राजस्व उपनिरीक्षक की तैनाती के लिए प्रयास किए जा रहे हैं।
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