फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Rudraprayag News ›   GIC low reached in the paper, sourced from ggic

जीआईसी में कम पहुंचे पेपर, जीजीआईसी से मंगाए

Mon, 21 Mar 2016 10:00 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, रुद्रप्रयाग
ब्यूरो/अमर उजाला, रुद्रप्रयाग Updated Mon, 21 Mar 2016 10:00 PM IST
विज्ञापन

उत्तराखंड बोर्ड परीक्षा के तहत यहां जीआईसी केंद्र पर उस समय अफरा-तफरी का माहौल गन गया जब हाईस्कूल की अंग्रेजी विषय की परीक्षा में 13 प्रश्नपत्र कम पाए गए। संबंधित अधिकारियों ने त्वरित कार्रवाई कर जीजीआईसी से जरूरी प्रश्नपत्र मंगाकर परीक्षा शुरू कराई।

विज्ञापन


सोमवार को बोर्ड परीक्षा के तहत हाईस्कूल में अंग्रेजी विषय और इंटर में जीव विज्ञान की परीक्षा हुई। जीआईसी में प्रात: 9.30 बजे केंद्र व परीक्षा प्रभारी की देखरेख में प्रश्नपत्रों के पैकेट खोले गए। इस दौरान अंग्रेजी विषय में 80 प्रश्नपत्रों के पैकेट में 13 प्रश्नपत्र कम पाए गए। इस दौरान प्रात: 10 बजे परीक्षा शुरू हो गई थी, लेकिन परीक्षा कक्ष संख्या ई-1 में 13 बच्चों को पेपर नहीं मिल पाया। केंद्र में रेगुलर व प्राइवेट 228 परीक्षार्थी पंजीकृत थे।
विज्ञापन


सीईओ के निर्देश जीजीआईसी से संपर्क कर वहां से जरूरी प्रश्नपत्र मंगाए गए। इसके बाद प्रात: 10.7 मिनट पर परीक्षा शुरू हो पाई। परीक्षा प्रभारी हरेंद्र सिंह बिष्ट व केंद्र प्रभारी एसएस भंडारी ने बताया कि प्रश्नपत्रों की कमी से एक परीक्षा कक्ष में सात मिनट देर से होने से परीक्षार्थियों को उतना समय अतिरिक्त दिया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन



कई बार प्रश्नपत्र पैकेट में पूरे नहीं होते हैं, ऐसे में अन्य केंद्रों से व्यवस्था की जाती है। जितना समय प्रश्नपत्रों की व्यवस्था में लगता है, उतना अतिरिक्त समय संबंधित परीक्षार्थियों को दिया जाता है। इस संबंध में डीएम सहित विभागीय उच्चाधिकारियों को अवगत करा दिया गया था। परीक्षा शांतिपूर्ण संपन्न हुई है।- सुभाषचंद्र भट्ट, मुख्य शिक्षाधिकारी रुद्रप्रयाग

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed