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मादा गुलदार की उपचार के दौरान मौत
ब्यूरो/ अमर उजाला, रुद्रप्रयाग
Updated Tue, 07 Mar 2017 10:25 PM IST
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गुलदार
- फोटो : demo pics
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तिलवाड़ा के एक जर्जर भवन से बीते सोमवार को पिंजरे में कैद की गई मादा गुलदार की उपचार के दौरान मौत हो गई। वन विभाग ने पोस्टमार्टम के बाद शव को जलाकर नष्ट कर दिया। इस संबंध में विभागीय उच्चाधिकारियों को सूचित कर दिया गया है।
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पशु चिकित्साधिकारी डा. राजीव गोयल ने बताया कि गुलदार के फेफड़े में संक्रमण था, जिस कारण वह करीब एक पखवाड़े से बीमार थी। चार दिन से भूखी होने के कारण स्थिति काफी खराब थी। बीते सोमवार को शाम 5 बजे से रात्रि 12 बजे तक दो ग्लूकोस की ड्रिप चढ़ाने के बाद भी सुधार नहीं दिखा।
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इधर, डीएफओ राजीव धीमान ने बताया कि गुलदार को रात्रि को जो खाने के लिए दिया गया था, वह भी नहीं खा रखा था। गुलदार के शव को विभागीय कार्यालय के समीप शव को जलाकर नष्ट कर दिया गया है।
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