{"_id":"5e6e7a9c8ebc3ea4ce4c3362","slug":"agriculture-rudrapur-news-hld3773509123","type":"story","status":"publish","title_hn":"इस बार देरी से आया आम और लीची के पेड़ों में बौर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
इस बार देरी से आया आम और लीची के पेड़ों में बौर
विज्ञापन
रुद्रपुर में आम के पेड़ हुए बौर से लकदक।
- फोटो : RUDRAPUR
जिले में कड़ाके की ठंड और लगातार बारिश के कारण आम और लीची के पेड़ों में देरी से बौर आया है। हालांकि इससे फलों के उत्पादन में कोई असर नहीं पड़ेगा। दोनों ही फलों की पैदावार अच्छी होने की उम्मीद है। पेड़ों में आए भरपूर बौर को देखकर किसानों के चेहरे भी खिल गए हैं।
ऊधमसिंह नगर में पिछले वर्ष 4,175 हेक्टेयर भूमि में लगे आम के पेड़ों से 35 हजार 142 मीट्रिक टन फल का उत्पादन हुआ था। इसी तरह 1547 हेक्टेयर भूमि में लगे लीची के पेड़ों से 2,284 मीट्रिक टन फल का उत्पादन हुआ है। इस वर्ष अपेक्षाकृत अधिक ठंड पड़ने से आम और लीची के पेड़ों में बौर देरी से आयी है। साथ ही पिछले दिनों हुई बारिश फलों के लिए फायदेमंद हो सकती है। यदि तेज हवाएं नहीं चलीं तो फलों का उत्पादन बढ़ सकता है।
रुद्रपुर। इस बार पिछले वर्ष की अपेक्षा ठंड थोड़ी अधिक पड़ी थी, जिस कारण नमी अधिक होने से बौर आने से अधिक समय लगा। लेकिन आम और लीची के उत्पादन में कोई फर्क नहीं पढ़ेगा। दोनों का उत्पादन अच्छा होने की उम्मीद है।
विज्ञापन
हरीश तिवारी, जिला उद्यान अधिकारी।
विज्ञापन
ऊधमसिंह नगर में पिछले वर्ष 4,175 हेक्टेयर भूमि में लगे आम के पेड़ों से 35 हजार 142 मीट्रिक टन फल का उत्पादन हुआ था। इसी तरह 1547 हेक्टेयर भूमि में लगे लीची के पेड़ों से 2,284 मीट्रिक टन फल का उत्पादन हुआ है। इस वर्ष अपेक्षाकृत अधिक ठंड पड़ने से आम और लीची के पेड़ों में बौर देरी से आयी है। साथ ही पिछले दिनों हुई बारिश फलों के लिए फायदेमंद हो सकती है। यदि तेज हवाएं नहीं चलीं तो फलों का उत्पादन बढ़ सकता है।
विज्ञापन
रुद्रपुर। इस बार पिछले वर्ष की अपेक्षा ठंड थोड़ी अधिक पड़ी थी, जिस कारण नमी अधिक होने से बौर आने से अधिक समय लगा। लेकिन आम और लीची के उत्पादन में कोई फर्क नहीं पढ़ेगा। दोनों का उत्पादन अच्छा होने की उम्मीद है।
विज्ञापन
हरीश तिवारी, जिला उद्यान अधिकारी।