{"_id":"58a72f494f1c1b6439d8450a","slug":"thousands-await-the-health-card","type":"story","status":"publish","title_hn":"हजारों को स्वास्थ्य कार्ड का इंतजार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हजारों को स्वास्थ्य कार्ड का इंतजार
अमर उजाला ब्यूरो रुड़की
Updated Fri, 17 Feb 2017 10:43 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
शहर और आसपास के क्षेत्रों में छह माह बाद भी हजारों लोगों को मुख्यमंत्री स्वास्थ्य बीमा योजना का इंतजार है। स्थिति यह है कि रुड़की और आसपास के क्षेत्रों में पांच हजार से अधिक लोगों के अब तक कार्ड नहीं बन सके हैं, जबकि बनकर आए कार्डों में गलतियों से भी लोगों को परेशानी का सामना का सामना करना पड़ रहा है।
पिछले वर्ष अगस्त माह में लोगों से मुख्यमंत्री स्वास्थ्य बीमा योजना कार्ड के लिए फार्म भरवाए गए थे। इसमें एपीएल परिवारों को भी शामिल किया गया था। इसके तहत रुड़की से ही करीब 15 हजार फार्म भरे गए थे, लेकिन छह माह बाद भी हजारों लोगों को स्वास्थ्य कार्ड नहीं मिल सके हैं। फिलहाल लगभग दस हजार लोगों के कार्ड बने हैं, जिसमें कुछ का वितरण हो चुका और कुछ का होना है। वहीं पांच हजार से अधिक लोगों को अभी कार्ड का इंतजार है। कार्ड नहीं बनने से उन्हें महंगे उपचार के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। यही नहीं बने हुए कार्ड में भी गलतियों से आए दिन लोगों को परेशानी झेलनी पड़ रही है।
दरअसल बने हुए कार्ड में भी एक परिवार के अधिकांश लोगों के नाम छूट गए हैं। इसमें सुधार के लिए लोग आए दिन आशाओं और कार्यालयों के चक्कर काट रहे हैं। रुड़की क्षेत्र के नोडल अधिकारी और सिविल अस्पताल के प्रबंधक रामकेश गुप्ता का कहना है कि जो कार्ड बनकर आए थे, उनका वितरण कर दिया गया है। अभी लगभग पांच हजार कार्ड बनकर आने हैं। उन्होंने स्वीकार किया कि कुछ कार्डों में परिवार के सभी लोगों के नाम शामिल नहीं हो सके हैं। इसे दुरुस्त कराने के लिए भेजा जा रहा है। उन्होंने बताया कि सुधार के लिए लोगों को छूटे सदस्यों की आईडी और आधार कार्ड देना होगा, जिसके बाद उन्हें कार्ड में शामिल किया जा सकेगा।
पिछले वर्ष अगस्त माह में लोगों से मुख्यमंत्री स्वास्थ्य बीमा योजना कार्ड के लिए फार्म भरवाए गए थे। इसमें एपीएल परिवारों को भी शामिल किया गया था। इसके तहत रुड़की से ही करीब 15 हजार फार्म भरे गए थे, लेकिन छह माह बाद भी हजारों लोगों को स्वास्थ्य कार्ड नहीं मिल सके हैं। फिलहाल लगभग दस हजार लोगों के कार्ड बने हैं, जिसमें कुछ का वितरण हो चुका और कुछ का होना है। वहीं पांच हजार से अधिक लोगों को अभी कार्ड का इंतजार है। कार्ड नहीं बनने से उन्हें महंगे उपचार के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। यही नहीं बने हुए कार्ड में भी गलतियों से आए दिन लोगों को परेशानी झेलनी पड़ रही है।
विज्ञापन
दरअसल बने हुए कार्ड में भी एक परिवार के अधिकांश लोगों के नाम छूट गए हैं। इसमें सुधार के लिए लोग आए दिन आशाओं और कार्यालयों के चक्कर काट रहे हैं। रुड़की क्षेत्र के नोडल अधिकारी और सिविल अस्पताल के प्रबंधक रामकेश गुप्ता का कहना है कि जो कार्ड बनकर आए थे, उनका वितरण कर दिया गया है। अभी लगभग पांच हजार कार्ड बनकर आने हैं। उन्होंने स्वीकार किया कि कुछ कार्डों में परिवार के सभी लोगों के नाम शामिल नहीं हो सके हैं। इसे दुरुस्त कराने के लिए भेजा जा रहा है। उन्होंने बताया कि सुधार के लिए लोगों को छूटे सदस्यों की आईडी और आधार कार्ड देना होगा, जिसके बाद उन्हें कार्ड में शामिल किया जा सकेगा।
विज्ञापन