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पाइप लाइन डालने में लाखों का खेल
अमर उजाला ब्यूरो रुड़की
Updated Wed, 21 Dec 2016 10:20 PM IST
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एक तरफ सरकार अपनी योजनाओं का लाभ लेने के लिए आईएसआई मार्का सामान खरीदने पर जोर देती है। साथ ही आईएसआई मार्का सामान खरीदने के लिए जागरूकता विज्ञापनों पर भी लाखों रुपये खर्च कर रही हैं लेकिन, लाठरदेवा में करीब एक करोड़ की पेयजल योजना में बिना आईएसआई मार्का एवं थ्रड क्लास के पाइप डाल दिए गए हैं।
रुड़की ब्लॉक के लाठरदेवा शेख गांव में ग्रामीणों को शुद्ध पानी मुहैया कराने के लिए सरकार ने पेयजल टैंक निर्माण के लिए 99 लाख 94 हजार रुपये स्वीकृत किए गए थे। इनमें से 43 लाख 60 हजार 374 रुपये से लोगों के घरों तक पानी पहुंचाने के लिए प्लास्टिक पाइप लाइन डालने का बांड बनाया गया है। कुल बजट राशि में से 47 लाख 40 हजार रुपये भी खर्च की जा चुकी है। लेकिन इस राशि में से जो पाइप डाले गए हैं, वह बिना आईएसआई मार्का के हैं। ग्रामीणों की शिकायत पर ज्वाइंट मजिस्ट्रेट मयूर दीक्षित के आदेश पर बीडीओ मनविंदर कौर ने सहायक खंड विकास अधिकारी एसके गुप्ता एवं अपर सहायक अभियंता नरेंद्र सिंह बर्थ्वाल से इसकी जांच कराई गई। जांच में पाइप बिना आईएसआई मार्का के डाले जाने की पुष्टि हुई। जबकि कार्यदायी संस्था पेयजल निगम के टेंडर में पाइप आईएसआई मार्का डालने की शर्त रखी गई है।
हमने ठेकेदार एवं अधिकारियों को पहले ही पेयजल टैंक निर्माण मानकों के अनुसार करने को कहा गया था। पाइप बिना आईएसआई मार्का के डालने पर ठेकेदार एवं अधिकारियों को अवगत कराया जा चुका है। गांव के विकास के लिए मानकों के अनुसार ही पाइप डलवाए जाएंगे।
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संयोगिता, ग्राम प्रधान एवं अध्यक्ष पेयजल समिति
ठेकेदार की ओर से कुछ पाइप घटिया किस्म के डाले गए हैं। इसकी शिकायत उनके पास ग्राम प्रधान की ओर से भी आई थी लेकिन, अब सभी पाइप निकलवाए जाएंगे। मानकों की अनदेखी किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
करण सिंह, अपर सहायक अभियंता, पेयजल निगम
जांच रिपोर्ट मैंने आज ही ज्वाइंट मजिस्ट्रेट को भेज दी है। अब उनको ही इस मामले में कार्रवाई करनी है।
मनविंदर कौर, बीडीओ, रुड़की
ये भी हैं आरोप
पाइपलाइन डालने में ग्रामीणों की ओर से कम पाइप लाइन को भी अधिक दिखाकर पैसा हड़पने के आरोप लगाए गए हैं। इसके अलावा टैंक निर्माण में भी घटिया सामग्री के आरोप लगाए गए हैं। इन समेत कई अन्य आरोप भी टैंक निर्माण में लगाए हैं लेकिन, अभी तक इनकी जांच विचाराधीन है।
रुड़की ब्लॉक के लाठरदेवा शेख गांव में ग्रामीणों को शुद्ध पानी मुहैया कराने के लिए सरकार ने पेयजल टैंक निर्माण के लिए 99 लाख 94 हजार रुपये स्वीकृत किए गए थे। इनमें से 43 लाख 60 हजार 374 रुपये से लोगों के घरों तक पानी पहुंचाने के लिए प्लास्टिक पाइप लाइन डालने का बांड बनाया गया है। कुल बजट राशि में से 47 लाख 40 हजार रुपये भी खर्च की जा चुकी है। लेकिन इस राशि में से जो पाइप डाले गए हैं, वह बिना आईएसआई मार्का के हैं। ग्रामीणों की शिकायत पर ज्वाइंट मजिस्ट्रेट मयूर दीक्षित के आदेश पर बीडीओ मनविंदर कौर ने सहायक खंड विकास अधिकारी एसके गुप्ता एवं अपर सहायक अभियंता नरेंद्र सिंह बर्थ्वाल से इसकी जांच कराई गई। जांच में पाइप बिना आईएसआई मार्का के डाले जाने की पुष्टि हुई। जबकि कार्यदायी संस्था पेयजल निगम के टेंडर में पाइप आईएसआई मार्का डालने की शर्त रखी गई है।
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हमने ठेकेदार एवं अधिकारियों को पहले ही पेयजल टैंक निर्माण मानकों के अनुसार करने को कहा गया था। पाइप बिना आईएसआई मार्का के डालने पर ठेकेदार एवं अधिकारियों को अवगत कराया जा चुका है। गांव के विकास के लिए मानकों के अनुसार ही पाइप डलवाए जाएंगे।
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संयोगिता, ग्राम प्रधान एवं अध्यक्ष पेयजल समिति
ठेकेदार की ओर से कुछ पाइप घटिया किस्म के डाले गए हैं। इसकी शिकायत उनके पास ग्राम प्रधान की ओर से भी आई थी लेकिन, अब सभी पाइप निकलवाए जाएंगे। मानकों की अनदेखी किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
करण सिंह, अपर सहायक अभियंता, पेयजल निगम
जांच रिपोर्ट मैंने आज ही ज्वाइंट मजिस्ट्रेट को भेज दी है। अब उनको ही इस मामले में कार्रवाई करनी है।
मनविंदर कौर, बीडीओ, रुड़की
ये भी हैं आरोप
पाइपलाइन डालने में ग्रामीणों की ओर से कम पाइप लाइन को भी अधिक दिखाकर पैसा हड़पने के आरोप लगाए गए हैं। इसके अलावा टैंक निर्माण में भी घटिया सामग्री के आरोप लगाए गए हैं। इन समेत कई अन्य आरोप भी टैंक निर्माण में लगाए हैं लेकिन, अभी तक इनकी जांच विचाराधीन है।