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मंगलौर में रोजगार के अवसर पैदा करे सरकार
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मंगलौर विधानसभा सीट को उत्तराखंड का प्रवेश द्वार कहा जाता है। नारसन बॉर्डर से उत्तराखंड शुरू होता है। नारसन का समूचा क्षेत्र मंगलौर विधानसभा क्षेत्र का हिस्सा है। मंगलौर से अधिकतर लोग दिहाड़ी मजदूरी करने रुड़की या अन्य शहरों का रुख करते हैं। यहां पर रोजगार के अवसर काफी कम हैं। विधानसभा चुनाव 2022 में अधिकतर लोगों की मांग है कि जो भी सरकार बने मंगलौर क्षेत्र में रोजगार के अवसर पैदा करे ताकि यहां के लोगों को अन्य शहरों का रख न करना पड़े। मंगलौर विधानसभा सीट में मंगलौर व नारसन कस्बे समेत लगभग 28 गांव हैं। मंगलौर क्षेत्र में जलभराव की समस्या व अतिक्रमण भी अहम मुद्दा है। मतदाताओं की मांग है कि मंगलौर कस्बे में रोजगार, जलभराव, शिक्षा, चिकित्सा, अतिक्रमण, बिजली व पानी की बेहतर सुविधा हो। क्षेत्र का सौंदर्यीकरण भी होना चाहिए ताकि पर्यटकों व श्रद्धालुओं को उत्तराखंड के प्रवेश द्वार मंगलौर में किसी तरह की परेशानी न हो।
क्षेत्र के अधिकतर लोग रोजगार की तलाश में रुड़की या अन्य शहरों में जाते हैं। जो भी सरकार बने इस बार उन्हें रोजगार के अवसर मंगलौर क्षेत्र में पैदा करने चाहिए ताकि लोगों को रोजगार की तलाश में इधर-उधर न भटकना पड़े। -राव हाशिम, मंगलौर
सरकार जिसकी भी बने उसे महिलाओं की रसोई का खासतौर से ध्यान रखना चाहिए। बढ़ती महंगाई के कारण गृहणियां सबसे ज्यादा परेशानियों का सामना कर रही हैं। अगली सरकार को महंगाई पर लगाम लगानी चाहिए। -तलत परवीन, मंगलौर
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उत्तराखंड के प्रवेश द्वार मंगलौर में सौंदर्यीकरण भी अहम मुद्दा है। सरकार ने कभी इस कोई ध्यान नहीं दिया। इस कारण मंगलौर क्षेत्र में प्रवेश करते ही जाम जैसी बड़ी समस्या से पर्यटकों व श्रद्धालुओं को जूझना पड़ता है। -मोहम्मद असलम, मंगलौर
ग्रामीण क्षेत्रों में सरकार की ओर से कोई सुविधा उपलब्ध नहीं कराई गई। सरकार को चाहिए कि ग्रामीण क्षेत्रों में चिकित्सा व्यवस्था बेहतर करे ताकि ग्रामीणों को इलाज के अभाव में शहरों में न जाना पड़े। -अजय मौर्य, हरजौली जट्ट
क्षेत्र में जलभराव की बड़ी समस्या है। सीवर लाइन से मंगलौर कस्बे व आसपास के देहात क्षेत्र में पानी की निकासी की व्यवस्था की जाए ताकि बरसात में लोगों को परेशानियों का सामना न करना पड़े। -नवाब मलिक, मंगलौर
सभी गांवों में सरकार को एक-एक प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र खोलना चाहिए ताकि ग्रामीणों की बीमारियों का इलाज उनके गांव में ही उपलब्ध हो सके। साथ ही गांवों में स्कूलों की व्यवस्था पर भी ध्यान देना चाहिए। -गजेंद्र सिंह, नगला चीना
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क्षेत्र के अधिकतर लोग रोजगार की तलाश में रुड़की या अन्य शहरों में जाते हैं। जो भी सरकार बने इस बार उन्हें रोजगार के अवसर मंगलौर क्षेत्र में पैदा करने चाहिए ताकि लोगों को रोजगार की तलाश में इधर-उधर न भटकना पड़े। -राव हाशिम, मंगलौर
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सरकार जिसकी भी बने उसे महिलाओं की रसोई का खासतौर से ध्यान रखना चाहिए। बढ़ती महंगाई के कारण गृहणियां सबसे ज्यादा परेशानियों का सामना कर रही हैं। अगली सरकार को महंगाई पर लगाम लगानी चाहिए। -तलत परवीन, मंगलौर
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उत्तराखंड के प्रवेश द्वार मंगलौर में सौंदर्यीकरण भी अहम मुद्दा है। सरकार ने कभी इस कोई ध्यान नहीं दिया। इस कारण मंगलौर क्षेत्र में प्रवेश करते ही जाम जैसी बड़ी समस्या से पर्यटकों व श्रद्धालुओं को जूझना पड़ता है। -मोहम्मद असलम, मंगलौर
ग्रामीण क्षेत्रों में सरकार की ओर से कोई सुविधा उपलब्ध नहीं कराई गई। सरकार को चाहिए कि ग्रामीण क्षेत्रों में चिकित्सा व्यवस्था बेहतर करे ताकि ग्रामीणों को इलाज के अभाव में शहरों में न जाना पड़े। -अजय मौर्य, हरजौली जट्ट
क्षेत्र में जलभराव की बड़ी समस्या है। सीवर लाइन से मंगलौर कस्बे व आसपास के देहात क्षेत्र में पानी की निकासी की व्यवस्था की जाए ताकि बरसात में लोगों को परेशानियों का सामना न करना पड़े। -नवाब मलिक, मंगलौर
सभी गांवों में सरकार को एक-एक प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र खोलना चाहिए ताकि ग्रामीणों की बीमारियों का इलाज उनके गांव में ही उपलब्ध हो सके। साथ ही गांवों में स्कूलों की व्यवस्था पर भी ध्यान देना चाहिए। -गजेंद्र सिंह, नगला चीना