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तीर्थपुरोहितों ने कृष्णकांत कोठियाल को किया सम्मानित
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हक हकूकधारी महापंचायत के अध्यक्ष कृष्ण कांत कोटियाल को सम्मानित करते तीर्थ पुरोहित।
- फोटो : RISHIKESH
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ऋषिकेश। चारधाम देवस्थानम एक्ट को समाप्त करने को किए गए संघर्ष के लिए स्थानीय तीर्थपुरोहितों और विभिन्न संगठनों ने चारधाम तीर्थ पुरोहित हक-हकूकधारी महापंचायत के अध्यक्ष कृष्णकांत कोठियाल को सम्मानित किया।
बुधवार को घाट चौराहे के समीप एक आश्रम में आयोजित कार्यक्रम में तीर्थपुरोहितों ने कहा कि चारधाम देवस्थानम एक्ट को समाप्त कराने को किए किए गए संघर्ष में चारधाम तीर्थ पुरोहित हक हकूकधारी महापंचायत की अहम भूमिका रही है। महापंचायत ने करीब दो साल इसका हर स्तर पर विरोध किया। आम जनता का समर्थन हासिल किया। परिणाम स्वरूप प्रचंड बहुमत की सरकार देवस्थानम एक्ट को समाप्त करने के लिए मजबूर हुई। कोठियाल ने कहा कि महापंचायत इसमें निमित थी। वास्तव में ये धर्मानुरागियों की जीत है, चारों धामों के तीर्थ पुरोहित, हक-हकूकधारी, विभिन्न राजनीतिक और सामाजिक संगठनों की इसमें भूमिका रही है। इसके लिए उन्होंने संघर्ष में सहयोग करने वाला हर व्यक्ति का आभार प्रकट किया।
इस मौके पर तुलसी मानस मंदिर के अध्यक्ष पंडित रवि शास्त्री, धीरेंद्र जोशी, रमाकांत भारद्वाज, अभिषेक शर्मा, अखिलेश कोटियाल, राजीव शर्मा, प्रशांत भटट, राकेश कोटियाल, अमित रैवानी, दीपक दरगन, मनोज भट्ट, अजय बंदोलियाल, बृजनारायण ध्यानी, दिनेश, रमाबल्लभ भट्ट आदि थे।
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बुधवार को घाट चौराहे के समीप एक आश्रम में आयोजित कार्यक्रम में तीर्थपुरोहितों ने कहा कि चारधाम देवस्थानम एक्ट को समाप्त कराने को किए किए गए संघर्ष में चारधाम तीर्थ पुरोहित हक हकूकधारी महापंचायत की अहम भूमिका रही है। महापंचायत ने करीब दो साल इसका हर स्तर पर विरोध किया। आम जनता का समर्थन हासिल किया। परिणाम स्वरूप प्रचंड बहुमत की सरकार देवस्थानम एक्ट को समाप्त करने के लिए मजबूर हुई। कोठियाल ने कहा कि महापंचायत इसमें निमित थी। वास्तव में ये धर्मानुरागियों की जीत है, चारों धामों के तीर्थ पुरोहित, हक-हकूकधारी, विभिन्न राजनीतिक और सामाजिक संगठनों की इसमें भूमिका रही है। इसके लिए उन्होंने संघर्ष में सहयोग करने वाला हर व्यक्ति का आभार प्रकट किया।
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इस मौके पर तुलसी मानस मंदिर के अध्यक्ष पंडित रवि शास्त्री, धीरेंद्र जोशी, रमाकांत भारद्वाज, अभिषेक शर्मा, अखिलेश कोटियाल, राजीव शर्मा, प्रशांत भटट, राकेश कोटियाल, अमित रैवानी, दीपक दरगन, मनोज भट्ट, अजय बंदोलियाल, बृजनारायण ध्यानी, दिनेश, रमाबल्लभ भट्ट आदि थे।
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