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निगम में शामिल नए क्षेत्रों में नहीं मिल पाई सुविधाएं
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निगम शामिल किए गए नए 15 वार्डों में उम्मीदों के अनुरूप विकास कार्य नहीं हो पाए हैं। पार्षदों की ओर से मांग करने के बाद भी विकास कार्य नहीं हो पा रहे हैं। इन वार्डों में शामिल लोग स्वयं को उपेक्षित महसूस कर रहे हैं।
नगर निगम में वर्तमान में 40 वार्ड हैं। तत्कालीन नगर पालिका में 25 वार्ड थे, ग्रामीणों क्षेत्रों की दो ग्राम सभाओं को शामिल किया गया था। उन दो ग्राम सभाओं को 15 वार्डों में विभाजित किया गया था।
लेकिन निगम में शामिल नए क्षेत्रों में अधिकांश वार्डों में उम्मीदों के अनुरूप विकास कार्य नहीं हो पा रहे हैं। कहीं नालियां तो कहीं सड़कें टूटी पड़ी हैं, कहीं नालियों के अभाव में गंदा पानी सड़कों पर बह रहा है।
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नगर नगर निगम में शामिल नए वार्ड इंदिरानगर वार्ड के पार्षद राजेंद्र प्रेम सिंह बिष्ट ने बताया कि नगर निगम बनने के बाद उनके वार्ड में उम्मीद के अनुरूप विकास कार्य नहीं हुए हैं। कई प्रस्ताव नगर निगम में धूल फांक रहे हैं। यही हाल नेहरू ग्राम वार्ड का भी है। वहां भी कई सड़कें टूटी पड़ी हैं। शिवाजी नगर वार्ड में बीस बीघा से शिवाजी नगर जाते हुए अंडर ग्राउंड नाली के ऊपर की स्लैब टूटी पड़ी है।
मीरानगर में भी कई स्थानों पर नालियों का निर्माण नहीं हो पाया है।
बीस बीघा वार्ड के पार्षद गुरविंद सिंह गुर्री ने बताया कि उनके वार्ड में कई सड़कें टूटी हैं। उन सड़कों का निर्माण होना था। लेकिन जल संस्थान की ओर से गलियों की खुदाई करने के कारण नालियों और सड़कों का काम नहीं हो पा रहा है।
गुमानीवाला के पार्षद बीरेंद्र रमोला ने बताया कि उनके वार्ड विकास कार्य हुए हैं। कुछ काम विधायक निधि से कराए गए। अधिकांश वार्डों में स्ट्रीट लाइटों का भी अभाव हैं। जो खराब पड़ी हैं उन्हें समय से नहीं बदला जा रहा है।
- नगर निगम में हर वार्ड में विकास कार्य कराए गए हैं। जिस वार्ड से प्रस्ताव आते हैं वहां विकास कार्य कराए जाते हैं। नए क्षेत्रों में भी काफी विकास कार्य हुए हैं।
-विनोद जोशी, ईई नगर निगम
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नगर निगम में वर्तमान में 40 वार्ड हैं। तत्कालीन नगर पालिका में 25 वार्ड थे, ग्रामीणों क्षेत्रों की दो ग्राम सभाओं को शामिल किया गया था। उन दो ग्राम सभाओं को 15 वार्डों में विभाजित किया गया था।
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लेकिन निगम में शामिल नए क्षेत्रों में अधिकांश वार्डों में उम्मीदों के अनुरूप विकास कार्य नहीं हो पा रहे हैं। कहीं नालियां तो कहीं सड़कें टूटी पड़ी हैं, कहीं नालियों के अभाव में गंदा पानी सड़कों पर बह रहा है।
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नगर नगर निगम में शामिल नए वार्ड इंदिरानगर वार्ड के पार्षद राजेंद्र प्रेम सिंह बिष्ट ने बताया कि नगर निगम बनने के बाद उनके वार्ड में उम्मीद के अनुरूप विकास कार्य नहीं हुए हैं। कई प्रस्ताव नगर निगम में धूल फांक रहे हैं। यही हाल नेहरू ग्राम वार्ड का भी है। वहां भी कई सड़कें टूटी पड़ी हैं। शिवाजी नगर वार्ड में बीस बीघा से शिवाजी नगर जाते हुए अंडर ग्राउंड नाली के ऊपर की स्लैब टूटी पड़ी है।
मीरानगर में भी कई स्थानों पर नालियों का निर्माण नहीं हो पाया है।
बीस बीघा वार्ड के पार्षद गुरविंद सिंह गुर्री ने बताया कि उनके वार्ड में कई सड़कें टूटी हैं। उन सड़कों का निर्माण होना था। लेकिन जल संस्थान की ओर से गलियों की खुदाई करने के कारण नालियों और सड़कों का काम नहीं हो पा रहा है।
गुमानीवाला के पार्षद बीरेंद्र रमोला ने बताया कि उनके वार्ड विकास कार्य हुए हैं। कुछ काम विधायक निधि से कराए गए। अधिकांश वार्डों में स्ट्रीट लाइटों का भी अभाव हैं। जो खराब पड़ी हैं उन्हें समय से नहीं बदला जा रहा है।
- नगर निगम में हर वार्ड में विकास कार्य कराए गए हैं। जिस वार्ड से प्रस्ताव आते हैं वहां विकास कार्य कराए जाते हैं। नए क्षेत्रों में भी काफी विकास कार्य हुए हैं।
-विनोद जोशी, ईई नगर निगम