डीडीहाट। डीडीहाट जिले की मांग के लिए डीडीहाट के युवा और व्यापारी वर्ग सहित विभिन्न संगठनों के लोगों ने मशाल जुलूस निकाला। भारी बारिश के बीच निकाले गए जुलूस में 200 से अधिक लोग शामिल हुए।
बुधवार की शाम को संयुक्त मोर्चा के नेतृत्व में निकाले गए जुलूस में शामिल प्रदर्शनकारियों ने जिले की मांग के लिए जोरदार नारेबाजी की। उन्होंने कहा कि 15 अगस्त 2011 को तत्कालीन मुख्यमंत्री डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक ने डीडीहाट सहित चार जिलों की घोषणा की थी। इस घोषणा को 11 साल होने वाले हैं लेकिन जिला गठित नहीं हो सका। कहा कि जब छत्तीसगढ़ राज्य बना था, तब 16 जिले थे आज उसके पास 32 जिले हो गए हैं, लेकिन उत्तराखंड में विकास के लिए छोटी इकाइयों का गठन नहीं किया जा रहा है। जुलूस में रिटायर्ड डीजी कुंदन सिंह जंगपांगी, जिला बनाओ संघर्ष समिति के संयोजक लवी कफलिया, चंचल चौहान, अध्यक्ष गोविंद लाल साह, संरक्षक दान सिंह कन्याल, राजेंद्र बोरा, अजय अवस्थी, गिरधर सिंह बोरा, प्रकाश बोरा, शेर सिंह साही, कवींद्र शाही, करन टोलिया, धन सिंह कफलिया, नवीन टोलिया, योगेश बृजवाल आदि रहे। इस मौके पर राज्य आंदोलनकारी स्व. जोध सिंह बोरा के डीडीहाट जिले की मांग के लिए चलाए गए आंदोलन को भी याद किया गया। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि जिला गठित होने तक संघर्ष जारी रहेगा।