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Pithoragarh News: तालाब में डूबी तीन साल की मासूम, मौत
Sat, 14 Mar 2026 10:58 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
Updated Sat, 14 Mar 2026 10:58 PM IST
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पिथौरागढ़। सुवालेख क्षेत्र के पाली गांव में तालाब में डूबने से तीन साल की मासूम की दर्दनाक मौत हो गई। दादी घास काट रही थी और उनके साथ गई मासूम खेलते हुए तालाब में पहुंच गई। मासूम की मौत से पूरे क्षेत्र में शोक है तो परिजनों में कोहराम है।
जानकारी के मुताबिक पाली गांव के सैनिक कुलदीप चंद की तीन साल की बेटी हितांशी को घर के पास घास काटने गई दादी अपने साथ ले गई। घास काटने के बाद जब दादी को पास में खेल रही पोती नजर नहीं आई तो वह घर दौड़ी। मासूम घर पर भी नहीं मिली। ग्रामीणों और परिजनों ने उसकी काफी खोजबीन की लेकिन कहीं पता नहीं चल सका। किसी को आभास नहीं हुआ कि बच्ची तालाब में डूब गई है। दो घंटे बाद जब ग्रामीण फिर से तालाब के पास पहुंचे तो मासूम पानी में उतराती नजर आई। आनन-फानन में परिजन उसे लेकर जिला अस्पताल पहुंचे लेकिन चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इमरजेंसी में तैनात डॉ. प्रशांत अधिकारी ने कहा कि फेफड़ों में पानी भरने से बच्ची की अस्पताल पहुंचने से पहले की मौत हो गई। उन्होंने बताया कि परिजनों पोस्टमार्टम न कराने की लिखित जानकारी देने के बाद शव घर ले गए। मासूम की मौत से परिजनों में कोहराम है। बच्ची का एक बड़ा भाई है। सैनिक पिता भी इन दिनों अवकाश पर घर आए हैं। वह बेटी के साथ समय बिताकर खुश थे लेकिन एक झटके में उनकी खुशियां मातम में बदल गईं।
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जानकारी के मुताबिक पाली गांव के सैनिक कुलदीप चंद की तीन साल की बेटी हितांशी को घर के पास घास काटने गई दादी अपने साथ ले गई। घास काटने के बाद जब दादी को पास में खेल रही पोती नजर नहीं आई तो वह घर दौड़ी। मासूम घर पर भी नहीं मिली। ग्रामीणों और परिजनों ने उसकी काफी खोजबीन की लेकिन कहीं पता नहीं चल सका। किसी को आभास नहीं हुआ कि बच्ची तालाब में डूब गई है। दो घंटे बाद जब ग्रामीण फिर से तालाब के पास पहुंचे तो मासूम पानी में उतराती नजर आई। आनन-फानन में परिजन उसे लेकर जिला अस्पताल पहुंचे लेकिन चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इमरजेंसी में तैनात डॉ. प्रशांत अधिकारी ने कहा कि फेफड़ों में पानी भरने से बच्ची की अस्पताल पहुंचने से पहले की मौत हो गई। उन्होंने बताया कि परिजनों पोस्टमार्टम न कराने की लिखित जानकारी देने के बाद शव घर ले गए। मासूम की मौत से परिजनों में कोहराम है। बच्ची का एक बड़ा भाई है। सैनिक पिता भी इन दिनों अवकाश पर घर आए हैं। वह बेटी के साथ समय बिताकर खुश थे लेकिन एक झटके में उनकी खुशियां मातम में बदल गईं।
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