फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Pithoragarh News ›   This time also, drinking water crisis with DDHATT will suffer

इस बार भी डीडीहाट वाले पेयजल संकट झेलेंगे

Sat, 17 Feb 2018 10:32 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, डीडीहाट
ब्यूरो/अमर उजाला, डीडीहाट Updated Sat, 17 Feb 2018 10:32 PM IST
विज्ञापन
This time also, drinking water crisis with DDHATT will suffer
डीडीहाट में नहीं बिछ पा रही पेयजल लाइन - फोटो : अमर उजाला

डीडीहाट के लोग इस बार भी गर्मियों में पेयजल संकट का सामना करेंगे। क्योंकि केंद्र और राज्य में भाजपा की सरकार बनते ही डीडीहाट के लोगों को यह उम्मीद थी कि निर्माणाधीन पेयजल योजना के लिए धन मिलेगा, लेकिन दस माह से इस योजना के लिए एक पैसा जारी नहीं हुआ है।

विज्ञापन


सरकार ने वर्ष 2012 में थल रामगंगा नदी से डीडीहाट नगर के लिए 23 करोड़ 28 लाख रुपये की लिफ्ट पेयजल योजना की स्वीकृति दी थी। योजना के लिए 2012 से 2015 तक 11 करोड़ 28 लाख रुपये की धनराशि सरकार से प्राप्त हुई। इस राशि से लिफ्ट पेयजल योजना का काम शुरू हुआ। इस पेयजल योजना के लिए अंतिम किस्त जून 2015 में 93 लाख 91 हजार रुपये की प्राप्त हुई। उसके बाद से अब तक पेयजल योजना में कोई भी धनराशि नहीं दी गई है। प्राप्त धनराशि के अलावा पेयजल योजना के लिए सिविल, इलैक्ट्रिकल और मेकेनिकल के 5 करोड़ रुपये के अग्रिम कार्य जल निगम ने करा लिए हैं। अब स्थिति यह है कि धन की कमी के कारण पाइप लाइन बिछाने का काम अटक गया है।
विज्ञापन


उत्तराखंड पेयजल निगम के सहायक अभियंता शिवम द्विवेदी का कहना है कि पेयजल योजना की शेष धनराशि प्राप्त होने के बाद भी योजना को पूरा होने में एक साल का समय लग जाएगा। पेयजल जल निगम के अधिशासी अभियंता वीके पाल ने बताया कि योजना के लिए धनराशि की मांग हर माह शासन से की जा रही है। इधर, विधायक विशन सिंह चुफाल का कहना है कि पेयजल योजना का काम पूरा करने के लिए केंद्रीय मद से भी धन की मांग की गई है। जल्दी ही यह राशि स्वीकृत होने की उम्मीद है।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed