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आपदा की दृष्टि से अतिसंवेदनशील हैं पिथौरागढ़ के ये दो गांव, होगा विस्थापन
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संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़। आपदा की दृष्टि से बेहद संवेदनशील दो गांवों का विस्थापन होगा। इसके लिए आपदा प्रबंधन विभाग को शासन से धनराशि मिल गई है।
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विस्थापन के बाद आपदा के खौफ में जी रहे ग्रामीणों को राहत मिल पाएगी। ये ग्रामीण लंबे समय से विस्थापन की मांग कर रहे हैं। आपदा प्रबंधन विभाग ने कुछ साल पूर्व धारचूला के मांगती तोक के तांकूल के गांव के 16 परिवारों को विस्थापन के लिए शासन को प्रस्ताव भेजा था। लंबे समय से इस गांव के विस्थापन की फाइल शासन में धूल फांकती रही। अब इस गांव के विस्थापन के लिए शासन से स्वीकृती मिल गई है।
शासन ने इन गांवों के विस्थापन के लिए एक करोड़ 38 लाख 65 हजार रुपये की स्वीकृति दे दी है। प्रशासन ने ग्रामीणों के विस्थापन के लिए सुरक्षित जगह का चयन कर ग्रामीणों के खातों में धनराशि भी डाल दी है। इसके अलावा बंगापानी के कनार के पांच परिवारों के विस्थापन के लिए शासन से स्वीकृति मिल गई है। इन परिवारों के विस्थापन के लिए शासन से 21 लाख 25 हजार रुपये की स्वीकृति मिल गई है। दो परिवारों को बरम के सुरक्षित स्थान पर विस्थापित किया जा रहा है। साथ ही तीन परिवारों को कनार गांव में ही सुरक्षित स्थान पर विस्थापित करने का कार्य किया जा रहा है। शासन से विस्थापन के लिए स्वीकृति मिलने से ग्रामीणों में खुशी का माहौल है।
----::: सुरक्षित स्थानों पर कराया जाएगा विस्थापन:: "मांगती के 16 परिवारों के विस्थापन और कनार के पांच परिवारों के विस्थापन के लिए शासन से स्वीकृति मिल गई है। इनका विस्थापन सुरक्षित स्थानों में कराया जा रहा है।" -आरडी पॉलीवाल, एडीएम पिथौरागढ़।
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