{"_id":"68d82f065a3f6a529b0debfd","slug":"students-are-going-to-school-by-taking-an-extra-detour-of-two-kilometers-pithoragarh-news-c-230-1-shld1024-133039-2025-09-28","type":"story","status":"publish","title_hn":"Pithoragarh News: दो किलोमीटर का अतिरिक्त फेरा लगाकर स्कूल जा रहे विद्यार्थी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Pithoragarh News: दो किलोमीटर का अतिरिक्त फेरा लगाकर स्कूल जा रहे विद्यार्थी
Sun, 28 Sep 2025 04:22 AM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
Updated Sun, 28 Sep 2025 04:22 AM IST
विज्ञापन
घटगाड़ में आपदा से क्षतिग्रस्त पैदल पुल। संवाद
थल(पिथौरागढ़)। खोली कन्यूरी गांव के घटगाड़ में बना पुल और पैदल रास्ता ध्वस्त होने से ग्रामीणों के साथ ही विद्यार्थियों की दिक्कत बढ़ गई है। विद्यार्थियों को स्कूल पहुंचने के लिए दो किलोमीटर का अतिरिक्त फेरा लगाना पड़ रहा है।
खोली, कन्यूरी, रजगौड़ा, द्योकली, किमल्टा, बुरसीमा, दड़मालगांव, कालीतड़, धिंगतड़ सहित 24 से अधिक गांव के ग्रामीण और विद्यार्थी इसी रास्ते से आवाजाही करते हैं। आपदा से इस रास्ते पर घटगाड़ में बना पुल ध्वस्त हो गया था। पैदल रास्ता भी जगह-जगह क्षतिग्रस्त हो गया। इससे ग्रामीणों और विद्यार्थियों को खासी दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है। विद्यालय पहुंचने के लिए विद्यार्थी अल्मियागांव होते हुए दो किलोमीटर का अतिरिक्त फेरा लगा रहे हैं। खोली कन्यूरी के पूर्व प्रधान राजेंद्र प्रसाद उपाध्याय सहित अन्य ग्रामीणों ने कहा कि लंबे समय बाद भी पुल और रास्ते का नवनिर्माण नहीं किया जा रहा है। जल्द नवनिर्माण नहीं हुआ तो क्षेत्र के लोग आंदोलन करेंगे। संवाद
विज्ञापन
खोली, कन्यूरी, रजगौड़ा, द्योकली, किमल्टा, बुरसीमा, दड़मालगांव, कालीतड़, धिंगतड़ सहित 24 से अधिक गांव के ग्रामीण और विद्यार्थी इसी रास्ते से आवाजाही करते हैं। आपदा से इस रास्ते पर घटगाड़ में बना पुल ध्वस्त हो गया था। पैदल रास्ता भी जगह-जगह क्षतिग्रस्त हो गया। इससे ग्रामीणों और विद्यार्थियों को खासी दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है। विद्यालय पहुंचने के लिए विद्यार्थी अल्मियागांव होते हुए दो किलोमीटर का अतिरिक्त फेरा लगा रहे हैं। खोली कन्यूरी के पूर्व प्रधान राजेंद्र प्रसाद उपाध्याय सहित अन्य ग्रामीणों ने कहा कि लंबे समय बाद भी पुल और रास्ते का नवनिर्माण नहीं किया जा रहा है। जल्द नवनिर्माण नहीं हुआ तो क्षेत्र के लोग आंदोलन करेंगे। संवाद
विज्ञापन