फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Pithoragarh News ›   Shortage of teachers in non-government schools; studies affected

Pithoragarh News: अशासकीय विद्यालयों में शिक्षक नहीं, पढ़ाई प्रभावित

Sat, 29 Aug 2026 10:57 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़ Updated Sat, 29 Aug 2026 10:57 PM IST
विज्ञापन
Shortage of teachers in non-government schools; studies affected
चंपावत। जिले के पांच अशासकीय सहायता प्राप्त माध्यमिक विद्यालयों में 22 शिक्षकों के पद रिक्त होने से 800 से अधिक छात्र-छात्राओं की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। प्रवक्ता संवर्ग में दो और एलटी संवर्ग में 20 पद खाली हैं। शिक्षकों की कमी के कारण कार्यरत अध्यापकों को अतिरिक्त शिक्षण भार उठाना पड़ रहा है।
विज्ञापन


उन्हें अपने विषय के साथ-साथ अन्य विषयों की कक्षाएं भी लेनी पड़ रही हैं। इससे नियमित संचालन बाधित हो रहा है। श्री पूर्णागिरी इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य ललित मोहन कांडपाल ने बताया कि हाईस्कूल के विद्यार्थियों को विज्ञान की पढ़ाई चतुर्थ कर्मचारी करा रहे हैं। एलटी संवर्ग में व्यायाम, विज्ञान, हिंदी और अंग्रेजी के पद करीब 10 वर्षों से रिक्त हैं।
विज्ञापन


--------------------
चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों के भी 10 पद रिक्त
जिले भर के विद्यालयों में चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों के 15 पद स्वीकृत हैं लेकिन इनमें से केवल पांच पदों पर ही कर्मचारी तैनात हैं। 10 पद लंबे समय से रिक्त चल रहे हैं। कर्मचारियों की कमी के चलते विद्यालयों में शिक्षण व्यवस्था के साथ-साथ अन्य आवश्यक कार्यों में भी दिक्कतें हो रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन

-----------


रिक्त पदों की सूची निदेशालय को भेजी गई है। शिक्षकों की नियुक्ति की कार्रवाई शासन स्तर से की जाती है। निदेशालय से निर्देश मिलने के बाद विद्यालय प्रबंधन समिति के माध्यम से चयन प्रक्रिया पूरी की जाएगी। इसके बाद विद्यालयों में शिक्षकों की तैनाती की जाएगी। -मान सिंह बिष्ट, प्रभारी सीईओ, चंपावत
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article