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पीआरडी जवानों ने बाहों में काला फीता बांधकर जताया विरोध
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विकास भवन में बांहों में काला फीता बांधकर विरोध जताते पीआरडी जवान। संवाद
- फोटो : PITHORAGARH
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पिथौरागढ़। तीन सूत्री मांगों को लेकर पीआरडी जवानों ने बांहों में काला फीता बांधकर विरोध जताया। पीआरडी संगठन का कहना है कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं की जाती हैं यह विरोध प्रदर्शन जारी रहेगा।
संगठन की जिलाध्यक्ष दीपा सामंत ने कहा कि पीआरडी जवानों को बहुत कम मानदेय मिल रहा है। मानदेय बढ़ाने, बीमा करने की मांग लगातार उठाई जा रही है। अपनी मांगों की ओर सरकार का ध्यान आकृष्ट करने के लिए कार्य बहिष्कार करने के बाद जुलूस निकाल चुके हैं।
धरना प्रदर्शन भी किया जा चुका है। इसके बाद भी उनकी मांगों पर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि कोविड काल में पीआरडी जवानों ने अपनी जान जोखिम में डालकर पूरी कर्तव्यनिष्ठा के साथ काम किया।
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इसके बावजूद पीआरडी जवानों को पुरस्कार तो दूर एक प्रशस्ति पत्र तक नहीं दिया गया। उन्होंने कहा कि सभी पीआरडी जवानों को नियमित ड्यूटी भी नहीं मिल पा रही है। जब तक उनकी मांगें नहीं मानी जाती हैं आंदोलन जारी रखा जाएगा। इस अवसर पर नकुल बोरा, कैलाश, संतोष, प्रभुदत्त, मथुरा पांगती, दीपक धामी आदि थे।
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संगठन की जिलाध्यक्ष दीपा सामंत ने कहा कि पीआरडी जवानों को बहुत कम मानदेय मिल रहा है। मानदेय बढ़ाने, बीमा करने की मांग लगातार उठाई जा रही है। अपनी मांगों की ओर सरकार का ध्यान आकृष्ट करने के लिए कार्य बहिष्कार करने के बाद जुलूस निकाल चुके हैं।
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धरना प्रदर्शन भी किया जा चुका है। इसके बाद भी उनकी मांगों पर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि कोविड काल में पीआरडी जवानों ने अपनी जान जोखिम में डालकर पूरी कर्तव्यनिष्ठा के साथ काम किया।
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इसके बावजूद पीआरडी जवानों को पुरस्कार तो दूर एक प्रशस्ति पत्र तक नहीं दिया गया। उन्होंने कहा कि सभी पीआरडी जवानों को नियमित ड्यूटी भी नहीं मिल पा रही है। जब तक उनकी मांगें नहीं मानी जाती हैं आंदोलन जारी रखा जाएगा। इस अवसर पर नकुल बोरा, कैलाश, संतोष, प्रभुदत्त, मथुरा पांगती, दीपक धामी आदि थे।