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झाड़ी कटान में ही खर्च कर दिए चार लाख
ब्यूरो/अमर उजाला, चंपावत
Updated Tue, 20 Jan 2015 10:45 PM IST
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लोक निर्माण विभाग की झाड़ी कटान को लेकर खर्च की गई राशि सवालों में है। लोनिवि के चंपावत डिवीजन की ओर से चंपावत खेतीखान मार्ग में झाड़ी कटान के नाम पर ही चार लाख रुपए खर्च किए गए हैं। दूसरी और भी कथित गड़बड़ियां सूचना अधिकार में जानकारी मांगने में सामने आई हैं।
आरटीआई कार्यकर्ता सूरज सिंह बोहरा लोनिवि से सूचना अधिकार में झाड़ी कटान में खर्च होने वाली राशि समेत कई बिंदुओं पर जानकारी मांगी।
सूरज बोहरा का कहना है कि विभाग की ओर से ढोलीगांव सड़क निर्माण में दस लाख रुपए के कार्य को पांच सलेक्शन बांड में एक ही ठेकेदार के नाम जारी कर दिया गया। यही नहीं विभिन्न निविदाओं के संबंध में मांगी गई प्रतिलिपियां भी उपलब्ध नहीं कराई गई हैं। इस मामले में लोनिवि के अधिकारियों का कहना है कि आवेदक की ओर से जो सूचनाएं मांगी गई थी उन्हें मुहैया करा दिया गया है।
पैसे देेने के बाद भी नहीं मिले अभिलेख
आरटीआई कार्यकर्ता सूरज सिंह बोहरा का कहना है कि उन्होंने लोनिवि के चंपावत और लोहाघाट डिवीजन से संबंधित सूचनाएं मांगी थी। जिसके लिए उन्होंने करीब 1600 रुपए भी जमा कराए। लेकिन विभाग की ओर से वांछित अभिलेखों के बजाए सलेक्शन बांड से संबंधित अनुपयोगी अभिलेख उपलब्ध कराए हैं। जिसको लेकर उन्होंने अपीलीय अधिकारी के यहां वाद दायर कर दिया है।
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आरटीआई कार्यकर्ता सूरज सिंह बोहरा लोनिवि से सूचना अधिकार में झाड़ी कटान में खर्च होने वाली राशि समेत कई बिंदुओं पर जानकारी मांगी।
सूरज बोहरा का कहना है कि विभाग की ओर से ढोलीगांव सड़क निर्माण में दस लाख रुपए के कार्य को पांच सलेक्शन बांड में एक ही ठेकेदार के नाम जारी कर दिया गया। यही नहीं विभिन्न निविदाओं के संबंध में मांगी गई प्रतिलिपियां भी उपलब्ध नहीं कराई गई हैं। इस मामले में लोनिवि के अधिकारियों का कहना है कि आवेदक की ओर से जो सूचनाएं मांगी गई थी उन्हें मुहैया करा दिया गया है।
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पैसे देेने के बाद भी नहीं मिले अभिलेख
आरटीआई कार्यकर्ता सूरज सिंह बोहरा का कहना है कि उन्होंने लोनिवि के चंपावत और लोहाघाट डिवीजन से संबंधित सूचनाएं मांगी थी। जिसके लिए उन्होंने करीब 1600 रुपए भी जमा कराए। लेकिन विभाग की ओर से वांछित अभिलेखों के बजाए सलेक्शन बांड से संबंधित अनुपयोगी अभिलेख उपलब्ध कराए हैं। जिसको लेकर उन्होंने अपीलीय अधिकारी के यहां वाद दायर कर दिया है।
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