{"_id":"5cd08571bdec22076d204609","slug":"dm-launches-crop-cutting-by-cutting-wheat","type":"story","status":"publish","title_hn":"डीएम ने गेहूं काटकर किया क्रॉप कटिंग का शुभारंभ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
डीएम ने गेहूं काटकर किया क्रॉप कटिंग का शुभारंभ
Tue, 07 May 2019 12:35 AM IST
बृजमोहन बृजमोहन
अमर उजाला ब्यूरो, पिथौरागढ़।
अमर उजाला ब्यूरो, पिथौरागढ़।
Published by: बृजमोहन बृजमोहन
Updated Tue, 07 May 2019 12:35 AM IST
विज्ञापन
पिथौरागढ़ में क्राप कटिंग का निरीक्षण करते डीएम डा.विजय कुमार जोगदंडे।
- फोटो : AMAR UJALA
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जिलाधिकारी डॉ. विजय कुमार जोगदंडे ने सोमवार को पिथौरागढ़ नगर क्षेत्र के कुजौली गांव में गेहूं की फसल पर की जा रही क्रॉप कटिंग का निरीक्षण किया। डीएम ने खेत में गेहूं की पकी फसल काटकर इसका शुभारंभ किया।
राजस्व विभाग ने कुजौली गांव के कृषकों के गेहूं के खेत में 30 वर्गमीटर का प्लाट बनाकर सीसीई एग्री एप के माध्यम से क्रॉप कटिंग का प्रयोग किया। जिलाधिकारी ने खेत का नक्शा, खसरा, रजिस्टर आदि भू-अभिलेखों की जांच करते हुए किसानों से बोए गए गेहूं के बीज के बारे में जानकारी ली। जिलाधिकारी ने कहा कि क्राप कटिंग प्रयोगों के आधार पर ही जिले में फसलों की औसत उपज और उत्पादन के आंकड़े तैयार किए जाते हैं, जिससे जिले में हो रहे उत्पादन की सटीक जानकारी हासिल की जाती है। अंतिम आंकड़े परीक्षण के उपरांत राज्य स्तर पर कृषि निदेशालय जारी करता है। कहा कि क्राप कटिंग के प्रयोगों से प्राप्त उत्पादन के आंकड़ों के आधार पर क्षतिपूर्ति और फसल बीमा की राशि निर्धारित की जाती है। वहां अपर सांख्यिकीय अधिकारी राजेश खाती, राजस्व उप निरीक्षक प्रकाश कापड़ी, कृषक जीवंती उप्रेती आदि थेे।
विज्ञापन
राजस्व विभाग ने कुजौली गांव के कृषकों के गेहूं के खेत में 30 वर्गमीटर का प्लाट बनाकर सीसीई एग्री एप के माध्यम से क्रॉप कटिंग का प्रयोग किया। जिलाधिकारी ने खेत का नक्शा, खसरा, रजिस्टर आदि भू-अभिलेखों की जांच करते हुए किसानों से बोए गए गेहूं के बीज के बारे में जानकारी ली। जिलाधिकारी ने कहा कि क्राप कटिंग प्रयोगों के आधार पर ही जिले में फसलों की औसत उपज और उत्पादन के आंकड़े तैयार किए जाते हैं, जिससे जिले में हो रहे उत्पादन की सटीक जानकारी हासिल की जाती है। अंतिम आंकड़े परीक्षण के उपरांत राज्य स्तर पर कृषि निदेशालय जारी करता है। कहा कि क्राप कटिंग के प्रयोगों से प्राप्त उत्पादन के आंकड़ों के आधार पर क्षतिपूर्ति और फसल बीमा की राशि निर्धारित की जाती है। वहां अपर सांख्यिकीय अधिकारी राजेश खाती, राजस्व उप निरीक्षक प्रकाश कापड़ी, कृषक जीवंती उप्रेती आदि थेे।
विज्ञापन