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भदेली गांव में ठहर गई आपदा
कालिका रावल/अमर उजाला, पिथौरागढ़
Updated Sun, 22 Jul 2018 10:42 PM IST
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मुनस्यारी के तल्ली भदेली में जमीन में पड़ी दरार
- फोटो : अमर उजाला
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गोरी नदी के कटाव के कारण मुनस्यारी के तल्ला भदेली गांव (भदेली बगड़) में जमीन दरक रही है। गांव के 13 परिवारों ने गांव छोड़ कर टेंट में रहने को मजबूर हो गए हैं। 1997 में इसी गांव के आधे भूभाग को गोरी नदी बहा कर ले गई थी।
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गोरी नदी किनारे बसे भदेली गांव में आपदा ठहर गई है। वर्ष 1995 से यह गांव आपदा झेल रहा है। वर्ष 1997 में गोरी नदी आधे भदेली बगड़ को बहा ले गई। वर्ष 1999 में भदेली बगड़ में सीमा सड़क संगठन के कैंप सहित कई घर और जमीन नदी में समा गए। वर्ष 2013 के जलप्रलय में भी भदेली में काफी तबाही हुई थी। उस समय पूरी सड़क ही नदी में समा गई थी और कई मकार ध्वस्त हुये थे। मदकोट-मुनस्यारी मार्ग को अब तक चार बार नए सिरे से बनाना पड़ा है। इस साल दो जुलाई को भी इस गांव पर आपदा से खासा नुकसान हुआ।
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अब भदेली एक बार फिर खतरे की जद में है। नदी से हो रहे भूकटाव के कारण लगातार भूस्खलन हो रहा है। गांव के ऊपर लंबी दरारें हैं। अब गांव के 13 परिवारों ने जंगल में टेंट में रह रहे हैं। शनिवार को एसडीएम मुनस्यारी केएन गोस्वामी के निर्देश पर राजस्व निरीक्षक कमल उपाध्याय, राजस्व उप निरीक्षक दिनेश भंडारी ने इसके लिए टेंट की व्यवस्था की। वर्तमान में गांव में 37 लोग हैं। सभी को शिफ्ट कर दिया गया है। प्रशासन अब गांव का भूगर्भीय सर्वे करेगा। ग्राम प्रधान पुष्पा चिराल ने गांव के लिए सुरक्षित पुनर्वास की मांग की है।
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गांव पर खतरा मंडराने से बुजुर्ग दुखी
पिथौैरागढ़। टेंट में रह रहे बुजुर्ग मेहर सिंह फर्स्वाण (75), तेज सिंह फर्स्वाण (70), ठाकुर सिंह (65) पुनर्वास की मांग कर रहे हैं। इनका कहना है कि लोग प्रशासन की ओर से लगाए गए टेंट में रहेंगे। लोगों का कहना है कि भदेली बगड़ के विनाश का कारण गोरी नदी में होने वाला अवैध खनन हैं। खनन की वजह से नदी का रुख गांव की ओर हुआ है।
तल्ला भदेली के इन परिवारों ने छोड़ा है घर
1. हयात सिंह पुत्र पान सिंह
2. शेर सिंह पुत्र मेहर सिंह
3. चंचल सिंह पुत्र जोहार सिंह
4. गोमती देवी पत्नी नेत्र सिंह
5. माली देवी पत्नी नैन सिंह
6. नाथ सिंह पुत्र नैन सिंह
7. हुकुम सिंह पुओत्र नैन सिंह
8. गंगा सिंह पुत्र नैन सिंह
9. दुर्गा सिंह पुत्र मेहर सिंह
10. लक्ष्मण सिंह पुत्र मेहर सिंह
11. ठाकुर सिंह पुत्र उदय सिंह
12. गंगा सिंह पुत्र नरेंद्र सिंह
13. तेज सिंह पुत्र मोहन सिंह