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कनार में मतदान का पूर्ण बहिष्कार
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सुनसान पड़ा गंगोलीहाट विधान सभा का हीपा मतदान स्थल। संवाद
- फोटो : PITHORAGARH
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धारचूला (पिथौरागढ़)। कनार गांव के लोगों ने सड़क के लिए विधानसभा चुनाव का पूर्ण बहिष्कार किया। लोगों ने सड़क निर्माण की मांग पूरी न होने पर मतदान नहीं करने का निर्णय लिया था। कनार के 588 मतदाताओं ने विधानसभा चुनाव के लिए वोट देने के बजाय अपने दैनिक काम किए। इससे पहले क्षेत्र के लोग सड़क के लिए लोकसभा चुनाव का भी बहिष्कार कर चुके हैं।
कनार दूरस्थ और दुर्गम बूथ है। सड़क न होने से ग्रामीण बरम से 16 किलोमीटर पैदल चलकर गांव पहुंचते हैं। लोगों को जरूरी सामान भी पीठ पर ढोना पड़ता है। सबसे अधिक परेशानी किसी के बीमार होने या गर्भवती महिलाओं को अस्पताल पहुंचाने में होती है। इस कारण ग्रामीण वर्षों से सड़क निर्माण की मांग कर रहे हैं। फिर भी गांव में सड़क नहीं पहुंची है। इससे नाराज ग्रामीणों ने चुनाव बहिष्कार की चेतावनी दी थी। पोलिंग पार्टी के मतदान कर्मी बूथ बनाकर सोमवार दिनभर मतदाताओं के आने का इंतजार करते रहे, लेकिन कोई भी मतदाता वोट देने नहीं आया।
हीपा पोलिंग बूथ पर सिर्फ छह वोट पड़े
थल (पिथौरागढ़)। सड़क न बनने से नाराज हीपा गांव के लोगों ने भी मतदान से दूरी बनाए रखी। वहां केवल छह लोगों ने मतदान किया जबकि अन्य लोग घरों से नहीं निकले। हीपा में बनाए मतदान केंद्र पर दिनभर सन्नाटा रहा। हीपा पोलिंग बूथ में हीपा, बैरीगांव, सिल्दूं असैै भैंसिया ओडियार के 456 मतदाता पंजीकृत हैं। दोपहर 12 बजे तक वहां एक भी वोट नहीं पड़ा था। 12 बजे बाद गांव के लक्ष्मण सिंह कार्की और उनके पुत्र महेश सिंह कार्की ने मतदान किया। शाम छह बजे तक बूथ पर मात्र छह वोट पड़े। संवाद
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कनार दूरस्थ और दुर्गम बूथ है। सड़क न होने से ग्रामीण बरम से 16 किलोमीटर पैदल चलकर गांव पहुंचते हैं। लोगों को जरूरी सामान भी पीठ पर ढोना पड़ता है। सबसे अधिक परेशानी किसी के बीमार होने या गर्भवती महिलाओं को अस्पताल पहुंचाने में होती है। इस कारण ग्रामीण वर्षों से सड़क निर्माण की मांग कर रहे हैं। फिर भी गांव में सड़क नहीं पहुंची है। इससे नाराज ग्रामीणों ने चुनाव बहिष्कार की चेतावनी दी थी। पोलिंग पार्टी के मतदान कर्मी बूथ बनाकर सोमवार दिनभर मतदाताओं के आने का इंतजार करते रहे, लेकिन कोई भी मतदाता वोट देने नहीं आया।
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हीपा पोलिंग बूथ पर सिर्फ छह वोट पड़े
थल (पिथौरागढ़)। सड़क न बनने से नाराज हीपा गांव के लोगों ने भी मतदान से दूरी बनाए रखी। वहां केवल छह लोगों ने मतदान किया जबकि अन्य लोग घरों से नहीं निकले। हीपा में बनाए मतदान केंद्र पर दिनभर सन्नाटा रहा। हीपा पोलिंग बूथ में हीपा, बैरीगांव, सिल्दूं असैै भैंसिया ओडियार के 456 मतदाता पंजीकृत हैं। दोपहर 12 बजे तक वहां एक भी वोट नहीं पड़ा था। 12 बजे बाद गांव के लक्ष्मण सिंह कार्की और उनके पुत्र महेश सिंह कार्की ने मतदान किया। शाम छह बजे तक बूथ पर मात्र छह वोट पड़े। संवाद
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