{"_id":"66cf697cca7ff0fdc803464a","slug":"animal-census-will-be-online-in-pithoragarh-63-enumerators-deployed-pithoragarh-news-c-230-1-alm1001-117257-2024-08-28","type":"story","status":"publish","title_hn":"Pithoragarh News: पिथौरागढ़ में ऑनलाइन होगी पशुगणना, 63 प्रगणक तैनात","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Pithoragarh News: पिथौरागढ़ में ऑनलाइन होगी पशुगणना, 63 प्रगणक तैनात
Wed, 28 Aug 2024 11:46 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
Updated Wed, 28 Aug 2024 11:46 PM IST
विज्ञापन
पशुगणना को लेकर प्रगणकों को प्रशिक्षण देते पशुपालन विभाग के अधिकारी।
पिथौरागढ़। सीमांत जिले में पहली बार पशुगणना ऑनलाइन तरीके से होगी। पशुओं और पशुपालकों का डाटा ऑनलाइन दर्ज होगा। पशुगणना के हिसाब से विभाग पशुपालकों को लाभ पहुंचाने के लिए योजनाएं तैयार करेगा। पशुगणना के लिए विभाग ने 63 प्रगणकों की तैनाती की है।
बुधवार को 21 वीं पशुगणना की तैयारी को लेकर विकास भवन सभागार में सीडीओ नंदन कुमार की अध्यक्षता में बैठक हुई। मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. योगेश भारद्वाज ने बताया कि पहली बार ऑनलाइन तरीके से पशुगणना होगी। 24 सितंबर से 24 दिसंबर तक पशुगणना की जाएगी इसके लिए 63 प्रगणकों की तैनाती की गई है। बताया कि प्रगणकों को दो दिवसीय प्रशिक्षण दिया जा रहा है। पशुगणना के बाद विभाग और सरकार को पशुओं के हिसाब से पशुपालकों के लिए योजनाएं बनाने में मदद मिलेगी। नोडल अधिकारी डॉ. पंकज जोशी ने बताया कि पहली बार निराश्रित गोवंश,लावारिस कुत्तों की भी गणना होगी। पशुगणना के लिए प्रगणकों के साथ 13 सुपरवाइजर भी तैनात किए गए हैं जो घर-घर जाकर मोबाइल एप के जरिए हर पशु और पशुपालक का ऑनलाइन डाटा दर्ज करेंगे।
विज्ञापन
बुधवार को 21 वीं पशुगणना की तैयारी को लेकर विकास भवन सभागार में सीडीओ नंदन कुमार की अध्यक्षता में बैठक हुई। मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. योगेश भारद्वाज ने बताया कि पहली बार ऑनलाइन तरीके से पशुगणना होगी। 24 सितंबर से 24 दिसंबर तक पशुगणना की जाएगी इसके लिए 63 प्रगणकों की तैनाती की गई है। बताया कि प्रगणकों को दो दिवसीय प्रशिक्षण दिया जा रहा है। पशुगणना के बाद विभाग और सरकार को पशुओं के हिसाब से पशुपालकों के लिए योजनाएं बनाने में मदद मिलेगी। नोडल अधिकारी डॉ. पंकज जोशी ने बताया कि पहली बार निराश्रित गोवंश,लावारिस कुत्तों की भी गणना होगी। पशुगणना के लिए प्रगणकों के साथ 13 सुपरवाइजर भी तैनात किए गए हैं जो घर-घर जाकर मोबाइल एप के जरिए हर पशु और पशुपालक का ऑनलाइन डाटा दर्ज करेंगे।
विज्ञापन