{"_id":"5a00a0da4f1c1bc8678b9a99","slug":"91509990618-pithoragarh-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"पंडा में रामलीला शुरु, हाटथर्प में हुआ राम वनवास","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पंडा में रामलीला शुरु, हाटथर्प में हुआ राम वनवास
Updated Mon, 06 Nov 2017 11:20 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
पिथौरागढ़/डीडीहाट। जिला मुख्यालय के नजदीक पंडा में रविवार से रामलीला शुरू हो गई है। डीडीहाट के हाटथर्प की रामलीला में राम वनवास की लीला का मंचन किया गया।
पंडा की रामलीला में पहले दिन नारद मोह का सुंदर मंचन किया गया। भगवान विष्णु और नारद संवाद का बेहद सराहा गया। रामलीला का उद्घाटन प्रदेश के वित्त मंत्री प्रकाश पंत ने किया। उन्होंने लोगों से भगवान राम के बताए गए मार्ग पर चलने की अपील करते हुए कहा कि भगवान राम द्वारा दिखाया मार्ग जीवन को सफल बनाने में सक्षम है। विशिष्ट अतिथि महेंद्र सिंह लुंठी, राम सिंह, लक्ष्मण सिंह ऐरी, नरेंद्र सिंह थे। रामलीला कमेटी के अध्यक्ष भूपेंद्र सिंह बिष्ट ने सहयोग के लिए सभी का आभार जताया। रामलीला के संचालन में युवक मंगल दल पंडा सहयोग कर रहा है।
उधर, हाटथर्प की रामलीला में कैकेई के कोपभवन में जा बैठने के बाद राजा दशरथ राम को 14 वर्ष का वनवास और भरत को राजगद्दी का वर दे देते हैं। केवट भगवान राम, लक्ष्मण, सीता को सरयू पार कराते हैं। राम के वियोग में राजा दशरथ प्राण त्याग देते हैं। ननिहाल से लौटे भरत राम को वन भेजने पर नाराजगी प्रकट करते हैं। कैकेई और भरत का संवाद होता है। भरत, शत्रुघ्न राम को मनाने चित्रकूट पहुंचते हैं। राम वापस अयोध्या लौटने से इंकार कर देते हैं। भरत को चरणपादुका देकर वापस अयोध्या भेज देते हैं।
पंडा की रामलीला में पहले दिन नारद मोह का सुंदर मंचन किया गया। भगवान विष्णु और नारद संवाद का बेहद सराहा गया। रामलीला का उद्घाटन प्रदेश के वित्त मंत्री प्रकाश पंत ने किया। उन्होंने लोगों से भगवान राम के बताए गए मार्ग पर चलने की अपील करते हुए कहा कि भगवान राम द्वारा दिखाया मार्ग जीवन को सफल बनाने में सक्षम है। विशिष्ट अतिथि महेंद्र सिंह लुंठी, राम सिंह, लक्ष्मण सिंह ऐरी, नरेंद्र सिंह थे। रामलीला कमेटी के अध्यक्ष भूपेंद्र सिंह बिष्ट ने सहयोग के लिए सभी का आभार जताया। रामलीला के संचालन में युवक मंगल दल पंडा सहयोग कर रहा है।
विज्ञापन
उधर, हाटथर्प की रामलीला में कैकेई के कोपभवन में जा बैठने के बाद राजा दशरथ राम को 14 वर्ष का वनवास और भरत को राजगद्दी का वर दे देते हैं। केवट भगवान राम, लक्ष्मण, सीता को सरयू पार कराते हैं। राम के वियोग में राजा दशरथ प्राण त्याग देते हैं। ननिहाल से लौटे भरत राम को वन भेजने पर नाराजगी प्रकट करते हैं। कैकेई और भरत का संवाद होता है। भरत, शत्रुघ्न राम को मनाने चित्रकूट पहुंचते हैं। राम वापस अयोध्या लौटने से इंकार कर देते हैं। भरत को चरणपादुका देकर वापस अयोध्या भेज देते हैं।
विज्ञापन