{"_id":"5afdb9664f1c1bd3408b6093","slug":"51526577510-pithoragarh-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"शिक्षा विभाग के कर्मियों का क्रमिक अनशन शुरू","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शिक्षा विभाग के कर्मियों का क्रमिक अनशन शुरू
Updated Thu, 17 May 2018 10:48 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पिथौरागढ़। पदोन्नति न होने से नाराज शिक्षा विभाग के कर्मचारियों ने मुख्य शिक्षा अधिकारी कार्यालय के सामने क्रमिक अनशन शुरू कर दिया है। उन्होंने पदोन्न्नति सूची जारी होने तक क्रमिक अनशन पर डटे रहने का एलान किया है।
बृहस्पतिवार को पदोन्नति को लेकर मुखर शिक्षा विभाग के कर्मी एजुकेशनल मिनिस्ट्रीयल ऑफिसर्स एसोसिएशन के बैनर तले मुख्य शिक्षा अधिकारी के कार्यालय के समक्ष एकत्र हुए और प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने कहा कि प्रशासनिक अधिकारी और प्रधान सहायक पदोन्नति की प्रक्रिया चल रही है।
विभाग ने छह माह पूर्व पदोन्नति के लिए जिले से आख्या मांगी थी, लेकिन अब तक पदोन्नति सूची जारी नहीं हुई है। जिले के 22 कर्मियों की प्रधान सहायक से प्रशासनिक अधिकारी, जबकि 12 की वरिष्ठ सहायक से प्रधान सहायक में पदोन्नति होनी है। उन्होंने प्रक्रिया में विसंगति का मामला भी उठाया। कर्मचारियों ने उच्चाधिकारी पर जानबूझकर पदोन्नति रोकने की कोशिश का भी आरोप लगाया।
विज्ञापन
इसके बाद कर्मचारी कार्यालय के समक्ष ही अनशन पर बैठ गए। इस बीच अन्य कर्मचारी संगठनों के प्रतिनिधियों ने मौके पर पहुंचकर आंदोलन को समर्थन दिया। पहले दिन क्रमिक अनशन पर संगठन जिलाध्यक्ष सौरभ चंद और पूर्व अध्यक्ष ज्योति पांडेय बैठे। इस दौरान केसी पंत, विजेंद्र लुंठी, रोहित उप्रेती, मोहन जोशी, दिनेश उपाध्याय, सुनील खत्री, मथुरा दत्त, कैलाश पांडे, संजय पंत, विक्रम नेगी, निरंजना ज्याला, भागीरथी उप्रेती आदि थे।
विज्ञापन
बृहस्पतिवार को पदोन्नति को लेकर मुखर शिक्षा विभाग के कर्मी एजुकेशनल मिनिस्ट्रीयल ऑफिसर्स एसोसिएशन के बैनर तले मुख्य शिक्षा अधिकारी के कार्यालय के समक्ष एकत्र हुए और प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने कहा कि प्रशासनिक अधिकारी और प्रधान सहायक पदोन्नति की प्रक्रिया चल रही है।
विज्ञापन
विभाग ने छह माह पूर्व पदोन्नति के लिए जिले से आख्या मांगी थी, लेकिन अब तक पदोन्नति सूची जारी नहीं हुई है। जिले के 22 कर्मियों की प्रधान सहायक से प्रशासनिक अधिकारी, जबकि 12 की वरिष्ठ सहायक से प्रधान सहायक में पदोन्नति होनी है। उन्होंने प्रक्रिया में विसंगति का मामला भी उठाया। कर्मचारियों ने उच्चाधिकारी पर जानबूझकर पदोन्नति रोकने की कोशिश का भी आरोप लगाया।
विज्ञापन
इसके बाद कर्मचारी कार्यालय के समक्ष ही अनशन पर बैठ गए। इस बीच अन्य कर्मचारी संगठनों के प्रतिनिधियों ने मौके पर पहुंचकर आंदोलन को समर्थन दिया। पहले दिन क्रमिक अनशन पर संगठन जिलाध्यक्ष सौरभ चंद और पूर्व अध्यक्ष ज्योति पांडेय बैठे। इस दौरान केसी पंत, विजेंद्र लुंठी, रोहित उप्रेती, मोहन जोशी, दिनेश उपाध्याय, सुनील खत्री, मथुरा दत्त, कैलाश पांडे, संजय पंत, विक्रम नेगी, निरंजना ज्याला, भागीरथी उप्रेती आदि थे।