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दौला के लोगों ने शुक्रवार को भी दर्ज कराया विरोध
Updated Fri, 08 Sep 2017 11:08 PM IST
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पिथौरागढ़। नगरपालिका के विस्तार के फैसले से भड़के दौला ग्राम पंचायत के लोगों ने दूसरे दिन भी विरोध दर्ज कराया। ग्राम पंचायत के लोगों ने बृहस्पतिवार को इस फैसले के खिलाफ प्रदर्शन किया था।
ग्राम प्रधान भूपेश नगरकोटी के नेतृत्व में जिला मुख्यालय पहुंचे लोगों ने कहा कि गांव के लोग सकून से खेतीबाड़ी कर जीवन व्यतीत कर रहे हैं। सरकार गांवों को पालिका में शामिल कर गौचर, पनघट की जमीन भी छीन लेना चाहती है। इन लोगों ने डीएम को सौंपे ज्ञापन में कहा कि गांव के 90 प्रतिशत युवा बेरोजगार हैं, जो गांव में ही आटा चक्की, दुकान चलाकर जीवनयापन कर रहे हैं। पालिका में शामिल होने से इन लोगों के व्यवसाय भी टैक्स के दायरे में आ जाएंगे।
गांव के लोगों ने कहा कि ग्राम पंचायत में करीब 200 नाली भूमि किसानों के नाम पर दर्ज नहीं है। इस जमीन से भी हक छिन जाएगा। कहा कि इससे पहले भी जितने गांव पालिका में शामिल किए गए, उनकी दशा बेहद खराब है। चलने के लिए रास्ते तक नहीं बने हैं। कहा कि ग्राम पंचायत की जनता इस फैसले के खिलाफ है। गांव के लोग किसी भी दशा में नगरपालिका में शामिल नहीं होंगे। सरकार फैसला वापस नहीं लेती है लोग अनिश्चितकालीन आंदोलन शुरू कर देंगे।
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ग्राम प्रधान भूपेश नगरकोटी के नेतृत्व में जिला मुख्यालय पहुंचे लोगों ने कहा कि गांव के लोग सकून से खेतीबाड़ी कर जीवन व्यतीत कर रहे हैं। सरकार गांवों को पालिका में शामिल कर गौचर, पनघट की जमीन भी छीन लेना चाहती है। इन लोगों ने डीएम को सौंपे ज्ञापन में कहा कि गांव के 90 प्रतिशत युवा बेरोजगार हैं, जो गांव में ही आटा चक्की, दुकान चलाकर जीवनयापन कर रहे हैं। पालिका में शामिल होने से इन लोगों के व्यवसाय भी टैक्स के दायरे में आ जाएंगे।
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गांव के लोगों ने कहा कि ग्राम पंचायत में करीब 200 नाली भूमि किसानों के नाम पर दर्ज नहीं है। इस जमीन से भी हक छिन जाएगा। कहा कि इससे पहले भी जितने गांव पालिका में शामिल किए गए, उनकी दशा बेहद खराब है। चलने के लिए रास्ते तक नहीं बने हैं। कहा कि ग्राम पंचायत की जनता इस फैसले के खिलाफ है। गांव के लोग किसी भी दशा में नगरपालिका में शामिल नहीं होंगे। सरकार फैसला वापस नहीं लेती है लोग अनिश्चितकालीन आंदोलन शुरू कर देंगे।
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