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खेतों में समा रहा रोड कटिंग का मलबा
Updated Wed, 18 Apr 2018 11:28 PM IST
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पिथौरागढ़। मुनस्यारी के बसंतकोट में सड़क कटिंग का मलबा खेतों में डाला जा रहा है। मलबे को अवैध रूप से ठिकाने लगाने से कई ग्रामीणों की रबी की फसल तबाह हो गई है। किसान नुकसान से जूझ रहे हैं। भाजपा ने 15 दिन के भीतर मुआवजा न मिलने पर आंदोलन की चेेतावनी दी है।
इन दिनों मुनस्यारी-बसंतकोट के लिए सड़क निर्माण का काम चल रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि कहने के लिए डंपिंग यार्ड बनाए गए हैं। लेकिन कार्यदायी संस्था सड़क कटिंग का मलबा सीधे खाई में धकेल रही है। अक्सर रात को मलबा खेतों में ठिकाने लगाया जा रहा है। मलबे की चपेट में आकर खेतों में खड़ी फसल बर्बाद हो चुकी है। बुधवार को क्षेत्र भ्रमण पर पहुंचे भाजपा नेता जगत मर्तोलिया को ग्रामीणों ने समस्या बताई।
उन्होंने बताया कि मलबे से किसानों को 30 लाख का नुकसान हुआ है। भारी मलबे से खेतों में खड़ी फसल के साथ ही केले के पेड़ दब गए हैं। मलबा खेतों के साथ ही आवासों के पीछे पसरा हुआ है। इससे बारिश में आवासों को भी खतरा बना हुआ है। ग्रामीणों ने विभाग ने जल्द मुआवजा देने और मलबा हटाने की मांग की। भाजपा नेता जगत मर्तोलिया का कहना है कि 15 दिन के भीतर प्रभावित ग्रामीणों को मुआवजा नहीं मिला तो मुनस्यारी लोनिवि कार्यालय में धरना दिया जाएगा।
इन दिनों मुनस्यारी-बसंतकोट के लिए सड़क निर्माण का काम चल रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि कहने के लिए डंपिंग यार्ड बनाए गए हैं। लेकिन कार्यदायी संस्था सड़क कटिंग का मलबा सीधे खाई में धकेल रही है। अक्सर रात को मलबा खेतों में ठिकाने लगाया जा रहा है। मलबे की चपेट में आकर खेतों में खड़ी फसल बर्बाद हो चुकी है। बुधवार को क्षेत्र भ्रमण पर पहुंचे भाजपा नेता जगत मर्तोलिया को ग्रामीणों ने समस्या बताई।
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उन्होंने बताया कि मलबे से किसानों को 30 लाख का नुकसान हुआ है। भारी मलबे से खेतों में खड़ी फसल के साथ ही केले के पेड़ दब गए हैं। मलबा खेतों के साथ ही आवासों के पीछे पसरा हुआ है। इससे बारिश में आवासों को भी खतरा बना हुआ है। ग्रामीणों ने विभाग ने जल्द मुआवजा देने और मलबा हटाने की मांग की। भाजपा नेता जगत मर्तोलिया का कहना है कि 15 दिन के भीतर प्रभावित ग्रामीणों को मुआवजा नहीं मिला तो मुनस्यारी लोनिवि कार्यालय में धरना दिया जाएगा।
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