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आईटीबीपी की संचार टीम गुंजी पहुंची,
Updated Thu, 07 Jun 2018 11:08 PM IST
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डीडीहाट (पिथौरागढ़)। कैलाश मानसरोवर यात्रा के लिए आईटीबीपी की संचार टीम गुंजी पहुंच गई है। कैलाश मानसरोवर यात्रा के दौरान भारतीय यात्रियों के तिब्बत में प्रवेश करते ही आईटीबीपी की संचार टीम तकलाकोट स्थित चीन की संचार टीम के साथ संपर्क स्थापित करेगी।
7वीं वाहिनी आईटीबीपी से मिली जानकारी के अनुसार कैलाश यात्रियों के चीन में रहने के दौरान उनकी स्थिति का पता लगाने के लिए आईटीबीपी की संचार टीम गुंजी से तिब्बत की व्यापारिक मंडी तकलाकोट सेटेलाइट के माध्यम से जुड़ी रहती है। कैलाश यात्रियों का प्रत्येक दल 12 दिन तिब्बत में कैलाश मानसरोवर की परिक्रमा के लिए रहता है।
तिब्बत में यात्रा के दौरान यात्रियों के स्वास्थ्य, स्थान आदि की जानकारी के लिए आईटीबीपी की संचार टीम 24 घंटे तकलाकोट में चीन की संचार टीम के साथ संपर्क में रहती है। यात्रियों की संपूर्ण जानकारी को गुंजी से 7वीं वाहिनी आईटीबीपी मिर्थी को दी जाती है। वाहिनी से विदेश और गृह मंत्रालय को सूचना दी जाती है। कैलाश यात्रा के समाप्त होते ही गुंजी और तकलाकोट के बीच संचार व्यवस्था को बंद कर दिया जाता है।
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7वीं वाहिनी आईटीबीपी से मिली जानकारी के अनुसार कैलाश यात्रियों के चीन में रहने के दौरान उनकी स्थिति का पता लगाने के लिए आईटीबीपी की संचार टीम गुंजी से तिब्बत की व्यापारिक मंडी तकलाकोट सेटेलाइट के माध्यम से जुड़ी रहती है। कैलाश यात्रियों का प्रत्येक दल 12 दिन तिब्बत में कैलाश मानसरोवर की परिक्रमा के लिए रहता है।
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तिब्बत में यात्रा के दौरान यात्रियों के स्वास्थ्य, स्थान आदि की जानकारी के लिए आईटीबीपी की संचार टीम 24 घंटे तकलाकोट में चीन की संचार टीम के साथ संपर्क में रहती है। यात्रियों की संपूर्ण जानकारी को गुंजी से 7वीं वाहिनी आईटीबीपी मिर्थी को दी जाती है। वाहिनी से विदेश और गृह मंत्रालय को सूचना दी जाती है। कैलाश यात्रा के समाप्त होते ही गुंजी और तकलाकोट के बीच संचार व्यवस्था को बंद कर दिया जाता है।
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