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धारचूला में मनरेगा के कार्यों की जांच होगी
Updated Tue, 15 May 2018 10:45 PM IST
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पिथौरागढ़। धारचूला विकास खंड में मनरेगा के तहत हुए विकास कार्यों की जांच होगी। इसके तहत विकास खंड की 10 ग्राम सभाओं का चयन किया गया है। शासन के आदेश के तहत प्रशासन ने जांच के लिए ज्यूरी का गठन कर दिया है। ज्यूरी ग्राम सभाओं के दौरे के साथ कार्यों का धरातलीय सत्यापन करेगी। इसके साथ ही जनसुनवाई भी होगी। इस कवायद का उद्देश्य मनरेगा के तहत कार्यों में अनियमितताओं का पता लगाना है।
शासन के आदेश के बाद प्रशासन ने मनरेगा के कार्यों की जांच के लिए ज्यूरी का गठन किया है, इसमें धारचूला पीएमजीएसवाई के ईई, डीडीहाट के खंड शिक्षाधिकारी और एक सामाजिक कार्यकर्ता जगदीश कलौनी को शामिल किया गया है। ज्यूरी में शामिल सदस्य सभी ग्राम पंचायतों का दौरा करेंगे। हर पंचायत में मनरेगा के तहत हुए कार्यों का धरातलीय सत्यापन किया जाएगा। ग्रामीणों के बयान लिए जाएंगे।
मनरेगा के अभिलेखों की जांच-पड़ताल होगी। इसके बाद 19 मई को ग्राम पंचायत स्तर पर जन सुनवाई होगी, जबकि 20 मई को विकास खंड स्तर पर जन सुनवाई होगी। जिला विकास अधिकारी गोपाल गिरी का कहना है कि इस कवायद का उद्देश्य मनरेगा योजना के संचालन में आ रही समस्याओं और कार्यों में अनियमितताओं का पता लगाना है। धरातलीय सत्यापन और ग्रामीणों से पूछताछ के बाद गड़बड़ियां पकड़ में आएंगी। इससे योजना के प्रभावी क्रियान्वयन में मदद मिलेगी।
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शासन के आदेश के बाद प्रशासन ने मनरेगा के कार्यों की जांच के लिए ज्यूरी का गठन किया है, इसमें धारचूला पीएमजीएसवाई के ईई, डीडीहाट के खंड शिक्षाधिकारी और एक सामाजिक कार्यकर्ता जगदीश कलौनी को शामिल किया गया है। ज्यूरी में शामिल सदस्य सभी ग्राम पंचायतों का दौरा करेंगे। हर पंचायत में मनरेगा के तहत हुए कार्यों का धरातलीय सत्यापन किया जाएगा। ग्रामीणों के बयान लिए जाएंगे।
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मनरेगा के अभिलेखों की जांच-पड़ताल होगी। इसके बाद 19 मई को ग्राम पंचायत स्तर पर जन सुनवाई होगी, जबकि 20 मई को विकास खंड स्तर पर जन सुनवाई होगी। जिला विकास अधिकारी गोपाल गिरी का कहना है कि इस कवायद का उद्देश्य मनरेगा योजना के संचालन में आ रही समस्याओं और कार्यों में अनियमितताओं का पता लगाना है। धरातलीय सत्यापन और ग्रामीणों से पूछताछ के बाद गड़बड़ियां पकड़ में आएंगी। इससे योजना के प्रभावी क्रियान्वयन में मदद मिलेगी।
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