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हेड कांस्टेबल की पुलिस सम्मान के साथ अंत्येष्टि
Updated Wed, 30 May 2018 11:24 PM IST
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थल (पिथौरागढ़)। सड़क दुर्घटना में मारे गए पुलिस के हेड कांस्टेबल भूपाल सिंह मेहता (55) की बुधवार को रामगंगा घाट में पुलिस सम्मान के साथ अंत्येष्टि की गई।
धार गांव निवासी एवं बनबसा में तैनात हेड कांस्टेबल भूपाल की बाइक 26 मई को रीठा साहब के मेले में ड्यूटी पर जाते समय दुर्घटनाग्रस्त हो गई थी। हादसे में वह गंभीर रूप से घायल हो गए थे। उन्हें एम्स दिल्ली में भर्ती किया गया था। इलाज के दौरान 28 मई को उनका निधन हो गया। बुधवार सुबह उनका पार्थिव शरीर पैतृक गांव धार लाया गया।
रामगंगा घाट पर चंपावत पुलिस की टुकड़ी और डीडीहाट कोतवाली के इंस्पेक्टर धीरेंद्र कुमार, थल थाने के सब इंस्पेक्टर भगवान गिरी गोस्वामी ने पार्थिव शरीर पर पुष्प चक्र चढ़ाया। सशस्त्र सलामी दी। भूपाल सिंह के बड़े बेटे पुष्कर मेहता ने चिता को मुखाग्नि दी। भूपाल सिंह की पत्नी कुंती देवी और दोनों बेटे पुष्कर, तेजपाल रुद्रपुर में रहते हैं। भूपाल सिंह चार भाइयों में सबसे बड़े थे। मिलनसार व्यक्ति होने के कारण घाट पर उनकी अंत्येष्टि में काफी संख्या में लोग मौजूद थे।
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धार गांव निवासी एवं बनबसा में तैनात हेड कांस्टेबल भूपाल की बाइक 26 मई को रीठा साहब के मेले में ड्यूटी पर जाते समय दुर्घटनाग्रस्त हो गई थी। हादसे में वह गंभीर रूप से घायल हो गए थे। उन्हें एम्स दिल्ली में भर्ती किया गया था। इलाज के दौरान 28 मई को उनका निधन हो गया। बुधवार सुबह उनका पार्थिव शरीर पैतृक गांव धार लाया गया।
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रामगंगा घाट पर चंपावत पुलिस की टुकड़ी और डीडीहाट कोतवाली के इंस्पेक्टर धीरेंद्र कुमार, थल थाने के सब इंस्पेक्टर भगवान गिरी गोस्वामी ने पार्थिव शरीर पर पुष्प चक्र चढ़ाया। सशस्त्र सलामी दी। भूपाल सिंह के बड़े बेटे पुष्कर मेहता ने चिता को मुखाग्नि दी। भूपाल सिंह की पत्नी कुंती देवी और दोनों बेटे पुष्कर, तेजपाल रुद्रपुर में रहते हैं। भूपाल सिंह चार भाइयों में सबसे बड़े थे। मिलनसार व्यक्ति होने के कारण घाट पर उनकी अंत्येष्टि में काफी संख्या में लोग मौजूद थे।
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