{"_id":"59f220ed4f1c1b68678b7cd5","slug":"11509040365-pithoragarh-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"सीराकोट में भागवत कथा सुनने उमड़ रही भीड़","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सीराकोट में भागवत कथा सुनने उमड़ रही भीड़
Updated Thu, 26 Oct 2017 11:26 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
डीडीहाट (पिथौरागढ़)। क्षेत्र के प्रसिद्ध सीराकोट मंदिर में चल रही श्रीमद्भागवत कथा को सुनने के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ रही है। मंदिर में सुबह से ही पूजा अर्चना करने वालों का भी तांता लगा रहता है।
कथा वाचक पं. गंगा दत्त उपाध्याय ने आज राम अवतार में विश्वामित्र द्वारा राक्षसों के अंत के लिए राम लक्ष्मण का वन में ले जाने, ताड़िकासुर नामक राक्षस का अंत सहित रामायण से जुड़े कई प्रेरक प्रसंगों को सुनाया। उन्होंने कहा कि श्रीमद्भागवत कथा सुनने मात्र से ही अपार फल मिलते हैं। उन्होंने कहा कि भागवत कथा में सभी कथाओं का सार होता है। भागवत कथा के आयोजक कौली निवासी इंद्र सिह डसीला ने भागवत कथा में सहयोग कर रहे सभी का आभार व्यक्त किया। कथा की समाप्ति के बाद रोजाना भंडारा और शाम को भजन हो रहे हैं।
कथा वाचक पं. गंगा दत्त उपाध्याय ने आज राम अवतार में विश्वामित्र द्वारा राक्षसों के अंत के लिए राम लक्ष्मण का वन में ले जाने, ताड़िकासुर नामक राक्षस का अंत सहित रामायण से जुड़े कई प्रेरक प्रसंगों को सुनाया। उन्होंने कहा कि श्रीमद्भागवत कथा सुनने मात्र से ही अपार फल मिलते हैं। उन्होंने कहा कि भागवत कथा में सभी कथाओं का सार होता है। भागवत कथा के आयोजक कौली निवासी इंद्र सिह डसीला ने भागवत कथा में सहयोग कर रहे सभी का आभार व्यक्त किया। कथा की समाप्ति के बाद रोजाना भंडारा और शाम को भजन हो रहे हैं।
विज्ञापन