{"_id":"59b816b54f1c1bf57f8b65c4","slug":"111505236661-pithoragarh-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"आपसी संघर्ष में तेंदुए की मौत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आपसी संघर्ष में तेंदुए की मौत
Updated Tue, 12 Sep 2017 10:47 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
गणाईगंगोली (पिथौरागढ़)। एक नर तेंदुआ मंगलवार सुबह नायल गांव की सीमा पर अर्ध बेहोशी की हालत में मिला था। बाद में उसने दम तोड़ दिया। मंगलवार सुबह करीब 5 बजे ग्रामीणों ने तेंदुए को आरक्षित वन क्षेत्र में बेहोशी की हालत में पड़ा देखा। देखते ही देखते मौके पर लोगों की भीड़ लग गई। इसकी सूचना वन विभाग को दी गई।
वन क्षेत्राधिकारी प्रदीप कुमार कांडपाल के नेतृत्व में टीम मौके पर पहुंची। तेंदुआ किसी-किसी समय हरकत कर रहा था, जिससे उसके अर्ध बेहोश होने का आभास हो रहा था। तेंदुए को बेहोशी बंदूक से बेहोश करने के लिए अल्मोड़ा से टीम बुलाई गई। यह टीम मौके पर पहुंचती, इससे पहले ही शाम करीब चार बजे तेंदुए ने दम तोड़ दिया। वन क्षेत्राधिकारी ने बताया कि करीब छह साल उम्र के तेंदुए के शरीर पर घाव थे।
मौके पर आपसी संघर्ष के निशान मिले। संभावना है कि तेंदुए की मौत आपसी संघर्ष में हुई है। उन्होंने बताया कि तेंदुए के शव को दशाईथल (गंगोलीहाट) स्थित रेंज कार्यालय ले जाया जा रहा है। बुधवार को तेंदुए के शव का पोस्टमार्टम कराया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
वन क्षेत्राधिकारी प्रदीप कुमार कांडपाल के नेतृत्व में टीम मौके पर पहुंची। तेंदुआ किसी-किसी समय हरकत कर रहा था, जिससे उसके अर्ध बेहोश होने का आभास हो रहा था। तेंदुए को बेहोशी बंदूक से बेहोश करने के लिए अल्मोड़ा से टीम बुलाई गई। यह टीम मौके पर पहुंचती, इससे पहले ही शाम करीब चार बजे तेंदुए ने दम तोड़ दिया। वन क्षेत्राधिकारी ने बताया कि करीब छह साल उम्र के तेंदुए के शरीर पर घाव थे।
विज्ञापन
मौके पर आपसी संघर्ष के निशान मिले। संभावना है कि तेंदुए की मौत आपसी संघर्ष में हुई है। उन्होंने बताया कि तेंदुए के शव को दशाईथल (गंगोलीहाट) स्थित रेंज कार्यालय ले जाया जा रहा है। बुधवार को तेंदुए के शव का पोस्टमार्टम कराया जाएगा।
विज्ञापन