{"_id":"5a734cf64f1c1b05738b4e40","slug":"101517505782-pithoragarh-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"बेटी के नामकरण के समय पौधा रोपा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बेटी के नामकरण के समय पौधा रोपा
Updated Thu, 01 Feb 2018 10:57 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पिथौरागढ़। समाज में बेटियों के प्रति धारणा तेजी से बदल रही है। लोग बेटी के जन्म को यादगार बनाने लगे हैं। चैंसर गांव निवासी एवं राजकीय हाइस्कूल नैनीसैनी में प्रयोगशाला सहायक के पद पर कार्यरत पंकज सिंह महर और उनकी पत्नी हेमलता ने बेटी के नामकरण के बाद पौधे का रोपण किया। पौधरोपण की प्रेरणा राजकीय इंटर कॉलेज तेजम के प्रधानाचार्य मोहन चंद्र पाठक ने दी। पाठक नामकरण संस्कार के समय एक पौधा लेकर पहुंचे थे।
पाठक ने कहा कि यदि खास अवसर पर पौधे का रोपण किया जाए तो उसका महत्व बढ़ जाता है। पंकज महर और उनकी पत्नी ने कहा कि वह पौधे को अपनी बेटी की तरह ही पालेंगे। पाठक ने अपने विद्यालय में एक विद्यार्थी एक पौधा, मेरा घर आंगन मेरा पौधा, रक्षाबंधन, दीपावली, होली, विवाह की 25वीं, 50वीं वर्षगांठ, क्रिसमस-डे पर पौधरोपण के लिए लोगों को प्रेरित किया। पौधरोपण के समय गांव और परिवार के कई लोग मौजूद थे।
विज्ञापन
पाठक ने कहा कि यदि खास अवसर पर पौधे का रोपण किया जाए तो उसका महत्व बढ़ जाता है। पंकज महर और उनकी पत्नी ने कहा कि वह पौधे को अपनी बेटी की तरह ही पालेंगे। पाठक ने अपने विद्यालय में एक विद्यार्थी एक पौधा, मेरा घर आंगन मेरा पौधा, रक्षाबंधन, दीपावली, होली, विवाह की 25वीं, 50वीं वर्षगांठ, क्रिसमस-डे पर पौधरोपण के लिए लोगों को प्रेरित किया। पौधरोपण के समय गांव और परिवार के कई लोग मौजूद थे।
विज्ञापन