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Pauri News: यूजीसी की टीम ने बीजीआर परिसर का किया सुलभ ऑडिट
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पौड़ी। विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) की निगरानी समिति ने एचएनबी गढ़वाल केंद्रीय विवि के बीजीआर परिसर का सुलभ ऑडिट कर दिव्यांगजनों के लिए विभिन्न व्यवस्थाओं का जायजा लिया। समिति ने परिसर में दिव्यांगजनों के लिए रैंप, लिफ्ट, पोर्टेबल टॉयलेट आदि व्यवस्थाएं करने को कहा।
बृहस्पतिवार को यूजीसी की ओर से नामित प्रो. बीआर बाम्निया की अगुवाई में तीन सदस्यीय टीम पौड़ी के बीजीआर परिसर पहुंची। जहां उन्होंने परिसर के कला व विज्ञान संकाय के साथ ही गेस्ट हाउस व हॉस्टल कक्षों का भी निरीक्षण कर दिव्यांगजनों के लिए बुनियादी सुविधाएं अपडेट करने को कहा। उन्होंने दिव्यांगजनों के लिए अनिवार्य रूप से रैंप, लिफ्ट, पोर्टेबल टॉयलेट आदि की व्यवस्थाएं करने को कहा।
उन्होंने परिसर के एकमात्र नेत्रहीन वरिष्ठ प्राचार्य विनय कुमार वर्मा से मुलाकात की। टीम ने प्रो. वर्मा को आयोग की ओर से दी जाने वाली सुविधाओं के बारे में बताया। कहा कि आयोग की ओर से उन्हें सुविधानुसार रीडर की व्यवस्था की जा सकती है। इसके लिए आयोग ही रीडर को मानदेय आदि का भुगतान भी करता है। इस मौके पर परिसर निदेशक प्रो. यूसी गैरोला ने बताया कि परिसर में फिलहाल कोई दिव्यांग छात्र-छात्राएं अध्ययनरत नहीं है। बताया कि यूजीसी टीम के दिशा-निर्देशों के बाद परिसर में सभी बुनियादी सुविधाओं को अपडेट किया जाएगा। इस मौके पर पूर्व परिसर निदेशक प्रो. पीपी बडोनी, आयोग के सदस्य लोकेश गुप्ता और नीरू थपलियाल आदि मौजूद रहे।
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बृहस्पतिवार को यूजीसी की ओर से नामित प्रो. बीआर बाम्निया की अगुवाई में तीन सदस्यीय टीम पौड़ी के बीजीआर परिसर पहुंची। जहां उन्होंने परिसर के कला व विज्ञान संकाय के साथ ही गेस्ट हाउस व हॉस्टल कक्षों का भी निरीक्षण कर दिव्यांगजनों के लिए बुनियादी सुविधाएं अपडेट करने को कहा। उन्होंने दिव्यांगजनों के लिए अनिवार्य रूप से रैंप, लिफ्ट, पोर्टेबल टॉयलेट आदि की व्यवस्थाएं करने को कहा।
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उन्होंने परिसर के एकमात्र नेत्रहीन वरिष्ठ प्राचार्य विनय कुमार वर्मा से मुलाकात की। टीम ने प्रो. वर्मा को आयोग की ओर से दी जाने वाली सुविधाओं के बारे में बताया। कहा कि आयोग की ओर से उन्हें सुविधानुसार रीडर की व्यवस्था की जा सकती है। इसके लिए आयोग ही रीडर को मानदेय आदि का भुगतान भी करता है। इस मौके पर परिसर निदेशक प्रो. यूसी गैरोला ने बताया कि परिसर में फिलहाल कोई दिव्यांग छात्र-छात्राएं अध्ययनरत नहीं है। बताया कि यूजीसी टीम के दिशा-निर्देशों के बाद परिसर में सभी बुनियादी सुविधाओं को अपडेट किया जाएगा। इस मौके पर पूर्व परिसर निदेशक प्रो. पीपी बडोनी, आयोग के सदस्य लोकेश गुप्ता और नीरू थपलियाल आदि मौजूद रहे।
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