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अंकिता के लिए पूरे दिन अड़ी रही जनता
सार
लोगों ने इस अपील को ठुकरा दिया जिसके बाद डीएम चले गए। आखिरकार शाम साढ़े पांच बजे सीएम से अंकिता के पिता की फोन पर हुई वार्ता के बाद लोग रास्ते से हट गए।ये हैं मांगें1- पोस्टमार्टम रिपोर्ट की जाए सार्वजनिक।2- फास्ट ट्रैक कोर्ट में हो मामले की सुनवाई।3- पीडित परिवार को दिया जाए 1 करोड़ का मुआवजा।4- परिवार के एक सदस्य को दी जाए सरकारी नौकरी।---पैतृक घाट पर भी जुटी रही लोगों की भीड़श्रीनगर। डीआईजी गढ़वाल एनएनस नगन्याल ने बताया कि अंकिता के परिजन अंत्येष्टि के लिए सहमत थे लेकिन कुछ लोग विरोध कर रहे थे।
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विस्तार
पौड़ी की बेटी अंकिता के लिए न्याय की मांग पर लोग पूरे दिन अड़े रहे। लोगों के दिलों में गम और गुस्सा इस कदर था कि प्रशासन की उनके सामने एक न चली। वे अपनी मांगों पर अड़े रहे और प्रशासन उन्हें मनाता रहा। सुबह से ही लोग धीरे-धीरे मेडिकल कालेज की मोर्चरी के बाहर एकत्र होने लगे थे और सुबह 11 बजे बद्रीनाथ हाईवे जाम कर दिया। पुलिस ने यातायात चौरास से डायवर्ट किया तो छात्रों ने कोटेश्वर तिराहे पर भी जाम लगा दिया।
रविवार को अंकिता के अंतिम संस्कार के लिए पुलिस-प्रशासन ने पूरी तैयारी की थी। जाम की सूचना पर एएसपी शेखर सुयाल प्रदर्शकारियों से वार्ता करने पहुंचे। उन्होंने कहा कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट को सार्वजनिक नहीं किया जा सकता है। यह कानूनी मामला होता है। कहा कि ऐसा न हो कि हल्की सी गलती से अपराधियों को बचने का मौका मिल जाए। पुलिस ने आरोपियों पर हत्या की धारा लगाई है और उनको सजा से कोई नहीं बचा सकता है। उन्होंने लोगों से जाम खोलने की अपील की लेकिन लोग नहीं माने। लोगों ने कहा कि जब तक लिखित आश्वासन नहीं मिलता या मुख्यमंत्री लाइव आकर मांगों को नहीं मानते तब तक जाम नहीं खुलेगा।
लोगों के प्रदर्शन व जाम को देखते हुए पुलिस ने चारधाम यात्रा के रूट को चौरास-कीर्तिनगर मोटर मार्ग पर डायवर्ट किया। इसकी सूचना मिलते ही युवाओं ने बद्रीनाथ हाईवे पर कोटेश्वर में जाम लगा दिया। हालांकि कोटेश्वर में पानी और भोजन की दिक्कत और यात्रियों के रोष को देखते हुए दो बजे युवाओं ने जाम खोल दिया।
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इस दौरान डीएम पौड़ी डा. विजय कुमार जोगदंडे, एसएसपी यशवंत सिंह चौहान ने लोगों ने जाम खोलने और अंकिता के अंतिम संस्कार किए जाने में सहयोग की अपील की। डीएम का कहना था कि अंकिता से परिवार से जुड़े चार लोग वार्ता के लिए आएं, भीड़ में बात करना संभव नहीं है। लोगों ने इस अपील को ठुकरा दिया जिसके बाद डीएम चले गए। इसी बीच अंकिता के पिता बार-बार लोगों से अपील करते रहे। आखिरकार शाम साढ़े पांच बजे सीएम से अंकिता के पिता की फोन पर हुई वार्ता के बाद लोग रास्ते से हट गए।
ये हैं मांगें
1- पोस्टमार्टम रिपोर्ट की जाए सार्वजनिक।
2- फास्ट ट्रैक कोर्ट में हो मामले की सुनवाई।
3- पीडित परिवार को दिया जाए 1 करोड़ का मुआवजा।
4- परिवार के एक सदस्य को दी जाए सरकारी नौकरी।
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पैतृक घाट पर भी जुटी रही लोगों की भीड़
श्रीनगर। अंकिता के अंतिम संस्कार के दौरान पैतृक घाट पर लोगों की भारी भीड़ मौजूद रही। रविवार को अंकिता के अंतिम संस्कार को लेकर प्रशासन ने अलकनंदा नदी तट पर आईटीआई के समीप उनके पैतृक श्मशान घाट पर समुचित व्यवस्था की थी। सुरक्षा की दृष्टि से यहां भारी पुलिस बल भी तैनात रहा। अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए यहां लोगों की भारी भीड़ रही।
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पिता बोले... हत्यारों को दो फांसी
श्रीनगर। पिता बीरेंद्र भंडारी ने कहा कि अंकिता के तीनों हत्यारों को फांसी की सजा दी जाए। उन्होंने यह भी कहा कि पुलकित आर्य के पिता के खिलाफ भी कार्रवाई होनी चाहिए क्योंकि वह अपने रसूख का इस्तेमाल कर रहे हैं। भंडारी ने संबंधित पटवारी को भी दंडित करने की मांग की। कहा कि पटवारी ने पुलकित की तहरीर पर गुमशुदगी दर्ज की थी लेकिन उनकी शिकायत पर कार्रवाई नहीं की। पटवारी ने इसकी रिसीविंग भी नहीं दी। पटवारी उन्हें घूमाता रहा। जब पौड़ी में कर्मचारी संगठन के एक पदाधिकारी और विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खंडूड़ी ने हस्तक्षेप किया तो मामले में कार्रवाई हुई।
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मामले में तेजी से होगी कार्रवाई : आयुक्त
श्रीनगर। गढ़वाल आयुक्त सुशील कुमार ने कहा कि अंकिता प्रकरण में तेजी से कार्रवाई होगी। परिवार की सभी मांगों पर कार्रवाई होगी। डीआईजी गढ़वाल एनएनस नगन्याल ने बताया कि अंकिता के परिजन अंत्येष्टि के लिए सहमत थे लेकिन कुछ लोग विरोध कर रहे थे। अंत में परिजनों की सहमति पर ही अंत्येष्टि की गई।
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रविवार को अंकिता के अंतिम संस्कार के लिए पुलिस-प्रशासन ने पूरी तैयारी की थी। जाम की सूचना पर एएसपी शेखर सुयाल प्रदर्शकारियों से वार्ता करने पहुंचे। उन्होंने कहा कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट को सार्वजनिक नहीं किया जा सकता है। यह कानूनी मामला होता है। कहा कि ऐसा न हो कि हल्की सी गलती से अपराधियों को बचने का मौका मिल जाए। पुलिस ने आरोपियों पर हत्या की धारा लगाई है और उनको सजा से कोई नहीं बचा सकता है। उन्होंने लोगों से जाम खोलने की अपील की लेकिन लोग नहीं माने। लोगों ने कहा कि जब तक लिखित आश्वासन नहीं मिलता या मुख्यमंत्री लाइव आकर मांगों को नहीं मानते तब तक जाम नहीं खुलेगा।
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लोगों के प्रदर्शन व जाम को देखते हुए पुलिस ने चारधाम यात्रा के रूट को चौरास-कीर्तिनगर मोटर मार्ग पर डायवर्ट किया। इसकी सूचना मिलते ही युवाओं ने बद्रीनाथ हाईवे पर कोटेश्वर में जाम लगा दिया। हालांकि कोटेश्वर में पानी और भोजन की दिक्कत और यात्रियों के रोष को देखते हुए दो बजे युवाओं ने जाम खोल दिया।
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इस दौरान डीएम पौड़ी डा. विजय कुमार जोगदंडे, एसएसपी यशवंत सिंह चौहान ने लोगों ने जाम खोलने और अंकिता के अंतिम संस्कार किए जाने में सहयोग की अपील की। डीएम का कहना था कि अंकिता से परिवार से जुड़े चार लोग वार्ता के लिए आएं, भीड़ में बात करना संभव नहीं है। लोगों ने इस अपील को ठुकरा दिया जिसके बाद डीएम चले गए। इसी बीच अंकिता के पिता बार-बार लोगों से अपील करते रहे। आखिरकार शाम साढ़े पांच बजे सीएम से अंकिता के पिता की फोन पर हुई वार्ता के बाद लोग रास्ते से हट गए।
ये हैं मांगें
1- पोस्टमार्टम रिपोर्ट की जाए सार्वजनिक।
2- फास्ट ट्रैक कोर्ट में हो मामले की सुनवाई।
3- पीडित परिवार को दिया जाए 1 करोड़ का मुआवजा।
4- परिवार के एक सदस्य को दी जाए सरकारी नौकरी।
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पैतृक घाट पर भी जुटी रही लोगों की भीड़
श्रीनगर। अंकिता के अंतिम संस्कार के दौरान पैतृक घाट पर लोगों की भारी भीड़ मौजूद रही। रविवार को अंकिता के अंतिम संस्कार को लेकर प्रशासन ने अलकनंदा नदी तट पर आईटीआई के समीप उनके पैतृक श्मशान घाट पर समुचित व्यवस्था की थी। सुरक्षा की दृष्टि से यहां भारी पुलिस बल भी तैनात रहा। अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए यहां लोगों की भारी भीड़ रही।
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पिता बोले... हत्यारों को दो फांसी
श्रीनगर। पिता बीरेंद्र भंडारी ने कहा कि अंकिता के तीनों हत्यारों को फांसी की सजा दी जाए। उन्होंने यह भी कहा कि पुलकित आर्य के पिता के खिलाफ भी कार्रवाई होनी चाहिए क्योंकि वह अपने रसूख का इस्तेमाल कर रहे हैं। भंडारी ने संबंधित पटवारी को भी दंडित करने की मांग की। कहा कि पटवारी ने पुलकित की तहरीर पर गुमशुदगी दर्ज की थी लेकिन उनकी शिकायत पर कार्रवाई नहीं की। पटवारी ने इसकी रिसीविंग भी नहीं दी। पटवारी उन्हें घूमाता रहा। जब पौड़ी में कर्मचारी संगठन के एक पदाधिकारी और विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खंडूड़ी ने हस्तक्षेप किया तो मामले में कार्रवाई हुई।
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मामले में तेजी से होगी कार्रवाई : आयुक्त
श्रीनगर। गढ़वाल आयुक्त सुशील कुमार ने कहा कि अंकिता प्रकरण में तेजी से कार्रवाई होगी। परिवार की सभी मांगों पर कार्रवाई होगी। डीआईजी गढ़वाल एनएनस नगन्याल ने बताया कि अंकिता के परिजन अंत्येष्टि के लिए सहमत थे लेकिन कुछ लोग विरोध कर रहे थे। अंत में परिजनों की सहमति पर ही अंत्येष्टि की गई।