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आज से शुरू हो रही सेमेस्टर परीक्षाओं को बाधित नहीं करेंगे छात्र
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श्रीनगर। छात्रों ने आज से शुरू हो रही सेमेस्टर की परीक्षाओं का बहिष्कार न करने का निर्णय लिया है। 15 सूत्री मांगों को लेकर गढ़वाल विवि के छात्र दूसरे दिन भी प्रशासनिक भवन के मुख्य गेट पर डटे रहे। उन्होंने विवि प्रशासन पर तानाशाही का आरोप लगाते हुए कहा कि विवि को दिल्ली से चलाया जा रहा है।
बृहस्पतिवार को आंदोलनरत छात्रों की ओर से बिड़ला परिसर के कार्यवाहक अध्यक्ष अंकित उछोली और सचिव रामप्रकाश रैम्स ने कहा कि छात्र हित के लिए 16 दिन से आंदोलन चल रहा है। इसके बावजूद विवि ने मसले को सुलझाने के लिए सकारात्मक पहल नहीं की। उल्टे यह प्रचारित कर दिया कि छात्र विवि में कामकाज और परीक्षाएं नहीं होने दी जा रहीं हैं।
उन्होंने स्पष्ट किया कि सेमेस्टर की मुख्य परीक्षाओं को प्रभावित नहीं होने दिया जाएगा। विवि प्रशासन पर दबाव बनाने के लिए प्रयोगयात्मक व सेशनल परीक्षाओं के बहिष्कार की अपील की गई थी। जिसमें सफल रहे। लेकिन विवि प्रशासन के अड़ियल रवैये से छात्रों की मांग पर कार्रवाई नहीं हुई।
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उन्होंने कर्मचारियों से भी अपील की कि किसी को काम करने से नहीं रोका जा रहा है। कर्मचारी वैकल्पिक रास्ते से कार्यालयों में जा सकते हैं। वह इस आंदोलन में छात्रों का साथ दे। वहीं कर्मचारियों ने वैकल्पिक मार्ग से जाने से मना कर दिया। उन्होंने कहा कि मुख्य मार्ग से वह कार्यालय में जाएंगे। कर्मचारियों का कहना था कि जब छात्र उन्हे कार्यालयों में नहीं जाने दे रहे, तो परीक्षाएं कैसे संपादित होंगी।
इस अवसर पर सुधीर जोशी, आयुश मियां, शैलेश मलासी, संदीप राणा, अमित प्रदाली, मनोज रावत, देवकांत देवराड़ी, प्रदीप पंवार, अतुल सती, शिवानी, व अजय पुंडीर आदि मौजूद थे।
वार्ताएं बेनतीजा
श्रीनगर। छात्रों की विवि के अधिकारियों के साथ हर बार वार्ता विफल हो रही है। बुधवार रात भी पुलिस प्रशासन की मौजूदगी में वार्ता हुई। लेेकिन इसका कोई नतीजा नहीं निकला। बृहस्पतिवार को भी वार्ता हुई। कुछ बिंदुओं पर सहमति बनती नजर आ रही थी। लेकिन बात नहीं बनी।
गेट से हटने की अपील भी बेअसर
श्रीनगर। एडीएम डा. शिव कुमार बरनवाल, एएसपी प्रदीप राय, एसडीएम दीपेंद्र नेगी व तहसीलदार सुनील राज समेत तमाम अधिकारी विवि में डटे हुए हैं। बृहस्पतिवार सुबह कोतवाल एनएस बिष्ट ने कोर्ट के आदेश का हवाला देते हुए लाउडस्पीकर से एनाउंस कर आउटसोर्स कर्मचारियों को गेट से हटने को कहा था। लेकिन कोई हटा नहीं।
बृहस्पतिवार को आंदोलनरत छात्रों की ओर से बिड़ला परिसर के कार्यवाहक अध्यक्ष अंकित उछोली और सचिव रामप्रकाश रैम्स ने कहा कि छात्र हित के लिए 16 दिन से आंदोलन चल रहा है। इसके बावजूद विवि ने मसले को सुलझाने के लिए सकारात्मक पहल नहीं की। उल्टे यह प्रचारित कर दिया कि छात्र विवि में कामकाज और परीक्षाएं नहीं होने दी जा रहीं हैं।
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उन्होंने स्पष्ट किया कि सेमेस्टर की मुख्य परीक्षाओं को प्रभावित नहीं होने दिया जाएगा। विवि प्रशासन पर दबाव बनाने के लिए प्रयोगयात्मक व सेशनल परीक्षाओं के बहिष्कार की अपील की गई थी। जिसमें सफल रहे। लेकिन विवि प्रशासन के अड़ियल रवैये से छात्रों की मांग पर कार्रवाई नहीं हुई।
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उन्होंने कर्मचारियों से भी अपील की कि किसी को काम करने से नहीं रोका जा रहा है। कर्मचारी वैकल्पिक रास्ते से कार्यालयों में जा सकते हैं। वह इस आंदोलन में छात्रों का साथ दे। वहीं कर्मचारियों ने वैकल्पिक मार्ग से जाने से मना कर दिया। उन्होंने कहा कि मुख्य मार्ग से वह कार्यालय में जाएंगे। कर्मचारियों का कहना था कि जब छात्र उन्हे कार्यालयों में नहीं जाने दे रहे, तो परीक्षाएं कैसे संपादित होंगी।
इस अवसर पर सुधीर जोशी, आयुश मियां, शैलेश मलासी, संदीप राणा, अमित प्रदाली, मनोज रावत, देवकांत देवराड़ी, प्रदीप पंवार, अतुल सती, शिवानी, व अजय पुंडीर आदि मौजूद थे।
वार्ताएं बेनतीजा
श्रीनगर। छात्रों की विवि के अधिकारियों के साथ हर बार वार्ता विफल हो रही है। बुधवार रात भी पुलिस प्रशासन की मौजूदगी में वार्ता हुई। लेेकिन इसका कोई नतीजा नहीं निकला। बृहस्पतिवार को भी वार्ता हुई। कुछ बिंदुओं पर सहमति बनती नजर आ रही थी। लेकिन बात नहीं बनी।
गेट से हटने की अपील भी बेअसर
श्रीनगर। एडीएम डा. शिव कुमार बरनवाल, एएसपी प्रदीप राय, एसडीएम दीपेंद्र नेगी व तहसीलदार सुनील राज समेत तमाम अधिकारी विवि में डटे हुए हैं। बृहस्पतिवार सुबह कोतवाल एनएस बिष्ट ने कोर्ट के आदेश का हवाला देते हुए लाउडस्पीकर से एनाउंस कर आउटसोर्स कर्मचारियों को गेट से हटने को कहा था। लेकिन कोई हटा नहीं।