{"_id":"5d0bba3f8ebc3e1ebd7ec051","slug":"15610496488-pauri-news183","type":"story","status":"publish","title_hn":"युवा बदल सकते हैं गांवों की आर्थिकी: ध्यानी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
युवा बदल सकते हैं गांवों की आर्थिकी: ध्यानी
विज्ञापन
पौड़ी। नेहरू युवा केंद्र पौड़ी की ओर से पड़ोस युवा संसद कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसमें युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय भारत सरकार की योजनाओं की जानकारी दी गई। वक्ताओं ने कहा कि गांवों की आर्थिकी को युवा बदल सकते हैं। जरूरत युवा पीढ़ी को स्वरोजगार से स्थायी रोजगार से जोड़ने की है।
बृहस्पतिवार को विकास खंड कोट के सीआरसी सबदरखाल में आयोजित पड़ोस युवा संसद कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि सहायक कृषि अधिकारी कोट आरपी ध्यानी ने किया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि ग्राम पंचायत स्तर पर सरकार विभिन्न विकासोन्मुखी योजनाएं संचालित कर रही है। इन योजनाओं को गांव के विकास में धरातल पर उतारने के लिए युवाओं को संगठित किए जाने की आवश्यकता है। ध्यानी ने कहा कि युवा गांवों की आर्थिकी को बदल सकते हैं, जो खासतौर पर पहाड़ में पलायन की पीड़ा झेल रहे गांवों को संजीवनी का कार्य करेगा। मास्टर ट्रेनर प्रदीप बिज्लवाण ने बताया कि गांवों में युवाओं के लिए समर इंटर्नशिप स्वच्छता अभियान 31 जुलाई तक चलाया जाएगा। अभियान में 50 घंटे श्रमदान करने पर युवाओं को 20-20 हजार रुपये का नकद पुरस्कार प्रदान किया जाएगा। केंद्र की लेखाकार अंजना बिष्ट ने कहा कि आदर्श ग्राम योजना ग्रामीण स्वच्छता मिशन, गुड गवर्नेंस एवं श्रमदान से युवा मंडल जुड़कर सेवा कार्य कर रहे हैं। आर्ट ऑफ लिविंग के योगाचार्य त्रिलोक नारायण कुकरेती ने युवाओं को योग साधना के महत्व को लेकर जानकारी प्रदान की। उन्होंने विभिन्न योगासनों का अभ्यास भी कराया। कार्यक्रम का संचालन सुदर्शन बिष्ट ने गया। इस अवसर पर संदीप बिजल्वाण, अंकित सिंह, शुभम ध्यानी, मयंक, अंजलि, खुशी कुकरेती, साक्षी व निलेश आदि मौजूद थे।
विज्ञापन
बृहस्पतिवार को विकास खंड कोट के सीआरसी सबदरखाल में आयोजित पड़ोस युवा संसद कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि सहायक कृषि अधिकारी कोट आरपी ध्यानी ने किया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि ग्राम पंचायत स्तर पर सरकार विभिन्न विकासोन्मुखी योजनाएं संचालित कर रही है। इन योजनाओं को गांव के विकास में धरातल पर उतारने के लिए युवाओं को संगठित किए जाने की आवश्यकता है। ध्यानी ने कहा कि युवा गांवों की आर्थिकी को बदल सकते हैं, जो खासतौर पर पहाड़ में पलायन की पीड़ा झेल रहे गांवों को संजीवनी का कार्य करेगा। मास्टर ट्रेनर प्रदीप बिज्लवाण ने बताया कि गांवों में युवाओं के लिए समर इंटर्नशिप स्वच्छता अभियान 31 जुलाई तक चलाया जाएगा। अभियान में 50 घंटे श्रमदान करने पर युवाओं को 20-20 हजार रुपये का नकद पुरस्कार प्रदान किया जाएगा। केंद्र की लेखाकार अंजना बिष्ट ने कहा कि आदर्श ग्राम योजना ग्रामीण स्वच्छता मिशन, गुड गवर्नेंस एवं श्रमदान से युवा मंडल जुड़कर सेवा कार्य कर रहे हैं। आर्ट ऑफ लिविंग के योगाचार्य त्रिलोक नारायण कुकरेती ने युवाओं को योग साधना के महत्व को लेकर जानकारी प्रदान की। उन्होंने विभिन्न योगासनों का अभ्यास भी कराया। कार्यक्रम का संचालन सुदर्शन बिष्ट ने गया। इस अवसर पर संदीप बिजल्वाण, अंकित सिंह, शुभम ध्यानी, मयंक, अंजलि, खुशी कुकरेती, साक्षी व निलेश आदि मौजूद थे।
विज्ञापन