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गढ़वाली-कुमाऊंनी आठवीं अनुसूची में दर्ज हो
Updated Thu, 28 Sep 2017 10:43 PM IST
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पौड़ी। नेहरू युवा केंद्र द्वारा आयोजित गोष्ठी में गढ़वाली, कुमाऊंनी को संविधान की आठवीं अनुसूची में शामिल करने और राज्य लोक सेवा आयोग की परीक्षाओं में स्थान दिलाने की पैरवी की गई।
नेहरू युवा केंद्र में हिंदी पखवाड़ा पंडित दीन दयाल उपाध्याय की 101वीं वर्षगांठ के रूप में मनाया गया। इस अवसर पर आयोजित गोष्ठी में भावपूर्ण श्रद्धाजंलि देते हुए दीन दयाल उपाध्याय को प्रखर राष्ट्रवादी बताया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि साहित्यकार विमल नेगी ने कहा कि हिन्दी की विकास यात्रा महज 200-300 वर्ष पुरानी है, इसे एक भाषा के रूप में प्रतिष्ठित करने में अवधी, ब्रज, भोजपुरी सहित फारसी और उर्दु का बहुत बडा योगदान रहा है। कार्यक्रम के संयोजक डा. योगेश धस्माना ने भी विचार व्यक्त किए। गोष्ठी में रवेंद्र , अनूप, आरती, नवीन डोबरियाल , संदीप बिजलवान, जीतेंद्र आदि शामिल रहे।
नेहरू युवा केंद्र में हिंदी पखवाड़ा पंडित दीन दयाल उपाध्याय की 101वीं वर्षगांठ के रूप में मनाया गया। इस अवसर पर आयोजित गोष्ठी में भावपूर्ण श्रद्धाजंलि देते हुए दीन दयाल उपाध्याय को प्रखर राष्ट्रवादी बताया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि साहित्यकार विमल नेगी ने कहा कि हिन्दी की विकास यात्रा महज 200-300 वर्ष पुरानी है, इसे एक भाषा के रूप में प्रतिष्ठित करने में अवधी, ब्रज, भोजपुरी सहित फारसी और उर्दु का बहुत बडा योगदान रहा है। कार्यक्रम के संयोजक डा. योगेश धस्माना ने भी विचार व्यक्त किए। गोष्ठी में रवेंद्र , अनूप, आरती, नवीन डोबरियाल , संदीप बिजलवान, जीतेंद्र आदि शामिल रहे।
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