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Nainital Crime: मंदिर में दोषी ने की थी युवती से शादी...फिर दुष्कर्म, अब इस वजह से मिली आजीवन कारावास की सजा

Mon, 22 Apr 2024 03:47 PM IST
हीरा मेहरा अमर उजाला नेटवर्क, नैनीताल
अमर उजाला नेटवर्क, नैनीताल Published by: हीरा मेहरा Updated Mon, 22 Apr 2024 03:47 PM IST
सार

Nainital News: जिला एवं सत्र न्यायाधीश सुबीर कुमार की कोर्ट ने शादी का झांसा देकर पीड़िता के साथ दुराचार करने के आरोपी ओखलकांडा मूल के रोहित पलडिया को एससीएसटी एक्ट में कठोर आजीवन कारावास व 40 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। 

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Uttarakhand News: misdeed convict sentenced to life imprisonment in nainital
प्रतीकात्मक तस्वीर। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

जिला एवं सत्र न्यायाधीश सुबीर कुमार की कोर्ट ने शादी का झांसा देकर पीड़िता के साथ दुराचार करने के आरोपी ओखलकांडा मूल के रोहित पलडिया को एससीएसटी एक्ट में कठोर आजीवन कारावास व 40 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। इस धनराशि में से 30 हजार रुपये पीडि़ता को प्रतिकर के रूप में देय होंगे। जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी सुशील कुमार शर्मा ने घटनाक्रम, मौजूदा प्रमाण व विधिक नजीरों तथा आठ गवाहों के आधार पर आरोपी को सख्त सजा दिए जाने की मांग की।

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अभियोजन पक्ष के मुताबिक पीड़िता ने 16 फरवरी 2022 को हल्द्वानी कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। कहा कि वह एक निजी अस्पताल में जॉब कर अपनी आजीविका चलाकर परिवार का सहारा बनी हुई थी। आरोप है कि उसी अस्पताल में वार्ड ब्वाय ओखलकांडा मूल के तथा हाल गौलापार काठगोदाम िवासी रोहित पलड़िया ने शादी का झांसा देकर उसके साथ दो वर्ष तक दुराचार किया। एक बार वह उसे घोड़ाखाल मंदिर ले गया और उसकी मांग में सिंदूर भरकर उससे कहा अब वह उसकी अर्धांगिनी बन गई है। दोनों पक्षों की सुनवाई के बाद जिला न्यायाधीश ने आरोपी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई।
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जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने कहा कि लंबे समय तक न्यायिक अभिरक्षा में रहने पर दोषी को प्रायश्चित होगा तथा पीड़िता को न्याय मिलेगा। यही नहीं, समाज में ऐसे अपराध करने वालों के लिए भी यह सबक होगा।  डीजीसी सुशील शर्मा ने कहा कि वह जिला न्यायालय में चार दशक से वकालत कर रहे हैं। दावा किया कि जिला न्यायालय में एससीएसटी एक्ट में आजीवन कारावास की सजा का यह पहला मामला है।

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