फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Nainital News ›   The sword of arrest hangs on Geetharam Nautiyal

गीताराम नौटियाल पर लटकी गिरफ्तारी की तलवार

Haldwani Bureau हल्द्वानी ब्यूरो
Updated Fri, 18 Oct 2019 02:09 AM IST
विज्ञापन
The sword of arrest hangs on Geetharam Nautiyal
hathora
नैनीताल। हाईकोर्ट ने समाज कल्याण के 500 करोड़ से अधिक के छात्रवृत्ति घोटाले के मामले में मुख्य आरोपी गीता राम नौटियाल की गिरफ्तारी पर रोक लगाने के लिए दायर याचिका को खारिज कर दिया है। अदालत ने इस घोटाले को गंभीर अपराध माना है। अब एसआईटी कभी भी नौटियाल को गिरफ्तार कर सकती है।
विज्ञापन

मुख्य न्यायाधीश रमेश रंगनाथन एवं न्यायमूर्ति आलोक कुमार वर्मा की खंडपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। पिछली सुनवाई में निर्णय को सुरक्षित रख लिया गया था। समाज कल्याण विभाग में संयुक्त निदेशक पद पर कार्यरत गीता राम नौटियाल पर समाज कल्याण अधिकारी रहते घोटाले में शामिल होने का आरोप है। इस मामले में गठित एसआईटी गीताराम नौटियाल के खिलाफ जांच कर रही है।
विज्ञापन

एसआईटी ने कोर्ट में मामले की गोपनीय रिपोर्ट भी पेश की थी। इसमें नौटियाल के खिलाफ पर्याप्त सबूत थे। एसआईटी की ओर से कहा गया था कि नौटियाल जांच में सहयोग नहीं कर रहे हैं और गिरफ्तारी से बचने के लिए लगातार लोकेशन बदल रहे हैं। पक्षों की सुनवाई के बाद हाईकोर्ट की खंडपीठ ने याचिका को खारिज कर दिया।
विज्ञापन
विज्ञापन

गीताराम नौटियाल ने गिरफ्तारी से बचने के लिए हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की थी। दोनों अदालतों ने उनकी याचिका खारिज कर दी थी। इस बीच एसआईटी ने गीताराम नौटियाल पर मुकदमा दर्ज किया। गीताराम नौटियाल इसे उत्पीड़न बताते हुए एससी-एसटी आयोग गए। आयोग ने गीताराम नौटियाल पर कार्रवाई नहीं करने के आदेश दिए। आयोग के इस आदेश को भी हाईकोर्ट में चुनौती दी गई थी। हाईकोर्ट ने सुनवाई के बाद आयोग की ओर से गिरफ्तारी पर रोक के आदेश को निरस्त कर दिया था और नौटियाल पर जुर्माना भी लगाया था।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed