{"_id":"67f43b01e548d3952806e28b","slug":"fear-of-severe-heat-heat-stroke-rooms-will-be-built-in-government-hospitals-haldwani-news-c-337-1-shld1032-120702-2025-04-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"Nainital News: भीषण गर्मी की आशंका, सरकारी अस्पतालों में बनेंगे हीट स्ट्रोक रूम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Nainital News: भीषण गर्मी की आशंका, सरकारी अस्पतालों में बनेंगे हीट स्ट्रोक रूम
विज्ञापन
प्रतीकात्मक।
हल्द्वानी। एनएचएम (राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन) ने इस बार भीषण गर्मी मानकर एडवाइजरी जारी की है। इसमें आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिए तैयार रहने को कहा गया है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने गर्म मौसम को लेकर अधिकांश हिस्सों में तापमान सामान्य से अधिक रहने की आशंका जताई है। सभी जिलों के सीएमओ आदेश जारी कर जिला और उप जिला अस्पतालों में हीट स्ट्रोक रूम तैयार करने के निर्देश भी जारी हुए हैं।
गर्मी से संबंधित बीमारियों की रोकथाम और नियंत्रण के लिए सभी जिलों को हीट-रिलेटेड बीमारियों पर दी गई कार्ययोजना को लेकर काम करने को कहा गया है। सभी अस्पतालों में स्वास्थ्य सुविधाओं में सक्रिय रहने, आपातकालीन स्थिति के लिए पर्याप्त आवश्यक दवाएं, आईवी सेट, आइस पैक, ओआरएस रखने, अग्नि सुरक्षा के लिए तैयारी करने, आवश्यक उपकरणों को पर्याप्त मात्रा में रखने को कहा गया है। इसके अलावा गर्मी से होने वाली बीमारी के लक्षणों, प्रबंधन, निगरानी और रिपोर्टिंग के साथ शुरुआती पहचान और प्रबंधन पर चिकित्सा अधिकारियों और स्वास्थ्य सेवा कर्मियों को संवेदनशील होने को कहा गया है। बिजली की व्यवस्था, अस्पताल के अंदर की गर्मी को कम करने के उपाय, गर्मी से संबंधित बीमारियों की रोकथाम और नियंत्रण के लिए सामुदायिक स्तर पर जागरूकता अभियान चलाने को भी कहा गया है। बेस अस्पताल के पीएमएस डॉ. केके पांडे ने बताया कि एसडीयू में हीट स्ट्रोक रूम बनाया जाएगा।
विज्ञापन
गर्मी से संबंधित बीमारियों की रोकथाम और नियंत्रण के लिए सभी जिलों को हीट-रिलेटेड बीमारियों पर दी गई कार्ययोजना को लेकर काम करने को कहा गया है। सभी अस्पतालों में स्वास्थ्य सुविधाओं में सक्रिय रहने, आपातकालीन स्थिति के लिए पर्याप्त आवश्यक दवाएं, आईवी सेट, आइस पैक, ओआरएस रखने, अग्नि सुरक्षा के लिए तैयारी करने, आवश्यक उपकरणों को पर्याप्त मात्रा में रखने को कहा गया है। इसके अलावा गर्मी से होने वाली बीमारी के लक्षणों, प्रबंधन, निगरानी और रिपोर्टिंग के साथ शुरुआती पहचान और प्रबंधन पर चिकित्सा अधिकारियों और स्वास्थ्य सेवा कर्मियों को संवेदनशील होने को कहा गया है। बिजली की व्यवस्था, अस्पताल के अंदर की गर्मी को कम करने के उपाय, गर्मी से संबंधित बीमारियों की रोकथाम और नियंत्रण के लिए सामुदायिक स्तर पर जागरूकता अभियान चलाने को भी कहा गया है। बेस अस्पताल के पीएमएस डॉ. केके पांडे ने बताया कि एसडीयू में हीट स्ट्रोक रूम बनाया जाएगा।
विज्ञापन