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डीएम ने बैठाई जांच, कमिश्नर ने मांगा जवाब
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हल्द्वानी। लोक निर्माण विभाग में टेंडरों के प्रकाशन में हुई धांधली सहित कई मामलों में कुमाऊं कमिश्नर दीपक रावत ने लोक निर्माण विभाग के मुख्य अभियंता से जवाब मांगा है। उन्होंने मुख्य अभियंता से पूरी जांच कर मामले की रिपोर्ट तत्काल देने के लिए कहा है। उधर डीएम ने भी इस मामले में जांच बैठा दी है। डीएम ने सीडीओ को जांच अधिकारी बनाया है।
अमर उजाला ने बुधवार को ‘लोनिवि की टेंडर फिक्सिंग : चहेतों के लिए उड़ाई नियमों की धज्जियां’ और ‘लोनिवि का खेल : एक सड़क के टेंडर दो-दो बार निकाले’ शीर्षक से खबरें प्रकाशित की थीं। इनमें बताया गया था कि लोक निर्माण विभाग ने कैसे उत्तराखंड अधिप्राप्ति नियमावली का उल्लघंन किया। खबरें प्रकाशित होने के बाद कुमाऊं कमिश्नर दीपक रावत और डीएम धीराज गर्ब्याल ने संज्ञान लिया। कमिश्नर दीपक रावत ने लोक निर्माण विभाग के मुख्य अभियंता को पत्र लिखकर इन मामलों की जांच कर तत्काल वस्तुस्थिति एवं तथ्यात्मक रिपोर्ट से अवगत कराने के लिए कहा है।
उधर, डीएम धीराज गर्ब्याल ने कहा कि एक काम का एक टेंडर होना चाहिए। एक काम को छोटे-छोटे भाग में तोड़कर उसके अलग-अलग टेंडर निकालना गलत है। इस पूरे प्रकरण की जांच के लिए कमेटी बना दी गई है। सीडीओ को इसकी जांच सौंपी गई है।
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अमर उजाला ने बुधवार को ‘लोनिवि की टेंडर फिक्सिंग : चहेतों के लिए उड़ाई नियमों की धज्जियां’ और ‘लोनिवि का खेल : एक सड़क के टेंडर दो-दो बार निकाले’ शीर्षक से खबरें प्रकाशित की थीं। इनमें बताया गया था कि लोक निर्माण विभाग ने कैसे उत्तराखंड अधिप्राप्ति नियमावली का उल्लघंन किया। खबरें प्रकाशित होने के बाद कुमाऊं कमिश्नर दीपक रावत और डीएम धीराज गर्ब्याल ने संज्ञान लिया। कमिश्नर दीपक रावत ने लोक निर्माण विभाग के मुख्य अभियंता को पत्र लिखकर इन मामलों की जांच कर तत्काल वस्तुस्थिति एवं तथ्यात्मक रिपोर्ट से अवगत कराने के लिए कहा है।
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उधर, डीएम धीराज गर्ब्याल ने कहा कि एक काम का एक टेंडर होना चाहिए। एक काम को छोटे-छोटे भाग में तोड़कर उसके अलग-अलग टेंडर निकालना गलत है। इस पूरे प्रकरण की जांच के लिए कमेटी बना दी गई है। सीडीओ को इसकी जांच सौंपी गई है।
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