{"_id":"5e3493f68ebc3e4b12418ae7","slug":"demand-from-dig-for-justice-nainital-news-hld3717157124","type":"story","status":"publish","title_hn":"डीआईजी से की न्याय दिलाने की मांग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
डीआईजी से की न्याय दिलाने की मांग
विज्ञापन
प्रतीकात्मक फोटो
नैनीताल। ज्योलीकोट स्थित सेंट एंथोनी कॉन्वेंट में बीते दिनों छात्रा को प्रताड़ित करने के मामले में अभिभावकों ने डीआईजी को पत्र देकर न्याय की गुहार लगाई है।
डीआईजी को दिए पत्र में पीड़िता के अभिभावकों का कहना है कि उनकी नाबालिग पुत्री ज्योलीकोट स्थित सेंट एंथोनी कॉन्वेंट में नवीं कक्षा में पढ़ती है। अभिभावकों ने स्कूल की प्रधानाचार्य और वार्डन समेत दो शिक्षिकाओं पर नाबालिग के शारीरिक और मानसिक उत्पीड़न का आरोप लगाया है। बताया है कि उत्पीड़न के चलते बच्ची ने आत्महत्या तक का प्रयास किया। इसके बाद 28 जनवरी को इस संबंध में तल्लीताल थाने में मुुकदमा दर्ज कराया गया है।
पीड़िता के अभिभावकों का आरोप है कि पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ हल्की धाराएं लगाई हैं। जांच अधिकारी बच्ची के बयान लेने के साथ साथ उसका चिकित्सकीय परीक्षण भी करा चुके हैं। उन्होंने डीआईजी से मामले में दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। डीआईजी जगत राम जोशी ने बताया कि इस संबंध में बृहस्पतिवार को बच्ची के परिजनों का फोन आया था। इसके बाद शुक्रवार को अभिभावकों ने पत्र के माध्यम से लिखित जानकारी दी। तल्लीताल के थानाध्यक्ष को कार्रवाई के निर्देश दे दिए हैं।
विज्ञापन
कुछ लोगों द्वारा बेवजह विद्यालय की छवि खराब करने के प्रयास किए जा रहे हैं। बच्ची और उसके अभिभावकों की ओर से लगाए सभी आरोप निराधार हैं। विद्यालय प्रबंधन जांच में पुलिस को सहयोग करेगा। जांच के बाद सही तस्वीर सामने आ जाएगी।
सिस्टर दीपिका, प्रधानाचार्या सेंट एंथोनी कॉन्वेंट ज्योलीकोट
विज्ञापन
डीआईजी को दिए पत्र में पीड़िता के अभिभावकों का कहना है कि उनकी नाबालिग पुत्री ज्योलीकोट स्थित सेंट एंथोनी कॉन्वेंट में नवीं कक्षा में पढ़ती है। अभिभावकों ने स्कूल की प्रधानाचार्य और वार्डन समेत दो शिक्षिकाओं पर नाबालिग के शारीरिक और मानसिक उत्पीड़न का आरोप लगाया है। बताया है कि उत्पीड़न के चलते बच्ची ने आत्महत्या तक का प्रयास किया। इसके बाद 28 जनवरी को इस संबंध में तल्लीताल थाने में मुुकदमा दर्ज कराया गया है।
विज्ञापन
पीड़िता के अभिभावकों का आरोप है कि पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ हल्की धाराएं लगाई हैं। जांच अधिकारी बच्ची के बयान लेने के साथ साथ उसका चिकित्सकीय परीक्षण भी करा चुके हैं। उन्होंने डीआईजी से मामले में दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। डीआईजी जगत राम जोशी ने बताया कि इस संबंध में बृहस्पतिवार को बच्ची के परिजनों का फोन आया था। इसके बाद शुक्रवार को अभिभावकों ने पत्र के माध्यम से लिखित जानकारी दी। तल्लीताल के थानाध्यक्ष को कार्रवाई के निर्देश दे दिए हैं।
विज्ञापन
कुछ लोगों द्वारा बेवजह विद्यालय की छवि खराब करने के प्रयास किए जा रहे हैं। बच्ची और उसके अभिभावकों की ओर से लगाए सभी आरोप निराधार हैं। विद्यालय प्रबंधन जांच में पुलिस को सहयोग करेगा। जांच के बाद सही तस्वीर सामने आ जाएगी।
सिस्टर दीपिका, प्रधानाचार्या सेंट एंथोनी कॉन्वेंट ज्योलीकोट