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पूर्व मैनेजर ने खाताधारकों के खाते हड़पे पांच लाख रुपए
Updated Sat, 04 Aug 2018 02:05 AM IST
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रामनगर (नैनीताल)। भारतीय स्टेट बैंक की पीरूमदारा शाखा में तैनात रहे पूर्व प्रबंधक ने अपनी ही शाखा के तीन खाताधारकों के साथ धोखाधड़ी कर पांच लाख रुपये हड़प लिए। बैंक की आंतरिक जांच में धोखाधड़ी की पुष्टि होने पर शाखा प्रबंधक ने तत्कालीन प्रबंधक के खिलाफ कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई है। बताया कि आरोपी बैंक प्रबंधक वर्तमान में बैंक की कपकोट शाखा में तैनाती बाद ऐेसे ही एक अन्य प्रकरण में निलंबित किया जा चुका है।
एसबीआई की पीरूमदारा के शाखा प्रबंधक गोपाल सिंह ने शुक्रवार को कोतवाली में तहरीर दी। बताया कि अमित सिंह बैंक की पीरूमदारा शाखा में 27 जून 2013 से 21 जुलाई 2016 तक बैंक प्रबंधक थे। कई जगहों पर तैनाती के बाद वर्तमान में उनकी तैनाती बैंक की कपकोट शाखा बागेश्वर में थी, जहां पर वह बैंक से जुड़े एक अन्य मामले में निलंबित हैं। आरोप है कि अमित ने पीरूमदारा शाखा में तैनाती के दौरान बैंक खाताधारक रणवीर सिंह के किसान क्रेडिट कार्ड (केसीसी) खाते से 16 सितंबर और 19 जून 2015 में डेढ़-डेढ़ लाख रुपये धोखाधड़ी कर निकाल लिये। इसी प्रकार भुवन चंद्र पांडे ने अपने, अपनी पत्नी के बचत खाते में दस-दस हजार कुल 20 हजार रुपये जमा करने के लिए अमित सिंह को दिए थे, जो कि जमा नहीं किए गए। तीसरे खाताधारक सतवीर सिंह के केसीसी खाते से 29 जून 2016 को भी धोखाधड़ी कर 1.80 लाख रुपये निकाल लिए। खाताधारकों ने जब इन प्रकरणों की शिकायत की तो बैंक ने मोहित गर्ग को पूरे मामले की आंतरिक जांच सौंपी, जिसमें आरोप की पुष्टि हुई। इसके लिए अमित सिंह को जिम्मेदार बताया गया। शाखा प्रबंधक ने तहरीर के साथ बैंक की आंतरिक जांच रिपोर्ट भी पुलिस को सौंपी है। कोतवाल विक्रम सिंह राठौर ने बताया कि शाखा प्रबंधक की तहरीर पर आरोपी बैंक प्रबंधक अमित सिंह के खिलाफ धारा 420 आईपीसी के तहत रिपोर्ट दर्ज हुई है। पुलिस ने सबूत जुटाकर मामले की जांच शुरू कर दी है।
वर्तमान बैंक मैनेजर ने तत्कालीन मैनेजर के खिलाफ तहरीर दी
पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच में जुटी
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एसबीआई की पीरूमदारा के शाखा प्रबंधक गोपाल सिंह ने शुक्रवार को कोतवाली में तहरीर दी। बताया कि अमित सिंह बैंक की पीरूमदारा शाखा में 27 जून 2013 से 21 जुलाई 2016 तक बैंक प्रबंधक थे। कई जगहों पर तैनाती के बाद वर्तमान में उनकी तैनाती बैंक की कपकोट शाखा बागेश्वर में थी, जहां पर वह बैंक से जुड़े एक अन्य मामले में निलंबित हैं। आरोप है कि अमित ने पीरूमदारा शाखा में तैनाती के दौरान बैंक खाताधारक रणवीर सिंह के किसान क्रेडिट कार्ड (केसीसी) खाते से 16 सितंबर और 19 जून 2015 में डेढ़-डेढ़ लाख रुपये धोखाधड़ी कर निकाल लिये। इसी प्रकार भुवन चंद्र पांडे ने अपने, अपनी पत्नी के बचत खाते में दस-दस हजार कुल 20 हजार रुपये जमा करने के लिए अमित सिंह को दिए थे, जो कि जमा नहीं किए गए। तीसरे खाताधारक सतवीर सिंह के केसीसी खाते से 29 जून 2016 को भी धोखाधड़ी कर 1.80 लाख रुपये निकाल लिए। खाताधारकों ने जब इन प्रकरणों की शिकायत की तो बैंक ने मोहित गर्ग को पूरे मामले की आंतरिक जांच सौंपी, जिसमें आरोप की पुष्टि हुई। इसके लिए अमित सिंह को जिम्मेदार बताया गया। शाखा प्रबंधक ने तहरीर के साथ बैंक की आंतरिक जांच रिपोर्ट भी पुलिस को सौंपी है। कोतवाल विक्रम सिंह राठौर ने बताया कि शाखा प्रबंधक की तहरीर पर आरोपी बैंक प्रबंधक अमित सिंह के खिलाफ धारा 420 आईपीसी के तहत रिपोर्ट दर्ज हुई है। पुलिस ने सबूत जुटाकर मामले की जांच शुरू कर दी है।
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वर्तमान बैंक मैनेजर ने तत्कालीन मैनेजर के खिलाफ तहरीर दी
पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच में जुटी