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हमे जिंदा सूरज चाहिए

Haldwani Bureau हल्द्वानी ब्यूरो
Updated Tue, 05 Mar 2019 02:11 AM IST
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हमे जिंदा सूरज चाहिए
हल्द्वानी। राधा और अर्पणा हत्याकांड के आरोपी बंदी सूरज की मौत मामले में उसके परिजनों ने जवाब मांगा है। महिलाओं ने जेल के सामने हंगामा कर रुद्रपुर पुलिस पर गलत ढंग से फंसाने का आरोप लगाया।
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शाहजहांपुर (यूपी) जिले के मिलकिया निगोही निवासी सूरज (27) पुत्र टेकराम रुद्रपुर में अपर्णा हत्याकांड सहित दो डकैती कांडों में गिरफ्तार होने पर हल्द्वानी उप कारागार में आठ सितंबर 2018 से बंद था। रविवार सुबह उसकी मौत हो गई थी। सूरज की भाभी भगवती, भांजी जमना, बहन सुनीता, अन्य रिश्तेदार सुनीता निवासी सीतापुर रविवार की शाम हल्द्वानी पहुंचीं। पुलिस ने महिलाओं से पंचायतनामा की कार्रवाई कराने का अनुरोध किया लेकिन वे पोस्टमार्टम कराने के लिए तैयार नहीं थी। भगवती का आरोप था कि सूरज को रुद्रपुर पुलिस ने पंजाब से गिरफ्तार कर फंसाया था। उसकी मौत में कई लोगों का हाथ है। उसे सूरज जिंदा चाहिए। हीरा नगर चौकी प्रभारी विनय मित्तल, त्रिभुवन जोशी ने महिलाओं को समझाने की कोशिश की। उन्होंने पोस्टमार्टम के लिए पैसा मांगना शुरू किया। इस दौरान कोतवाल विक्रम सिंह राठौर और एसएसआई विजय सिंह मेहता भी जेल के सामने पहुंच गए।। कोतवाल के समझाने पर परिजन दोपहर बाद पोस्टमार्टम कराने के लिए तैयार हुए।
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बंदी की मौत पर परिजनों ने मांगा जवाब, हंगामा
महिलाओं ने जेल के सामने प्रदर्शन किया, रुद्रपुर पुलिस पर बेवजह फंसाने का आरोप


शाम को हुआ पोस्टमार्टम
शाम चार बजे तक डॉक्टरों की टीम ने वीडियोग्राफी के बीच कैदी के शव का पोस्टमार्टम किया। पुलिस का कहना है कि महिलाओं ने राजपुरा स्थित घाट पर सूरज का अंतिम संस्कार किया।
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गजरौला में रहता है परिवार
भगवती ने बताया कि उसके पति खेम सिंह के अलावा राम सिंह, देवेंद्र, केदार और बचराम सिंह जेल में बंद हैं। अब उसका परिवार त्योहारों पर ही शाहजहांपुर जाता है। वर्तमान में परिवार गजरौला में रह रहा है। केंद्र सरकार ने उन्हें प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत घर दिया है।


दिव्यांग था सूरज
महिलाओं का कहना था कि सूरज दिव्यांग था। वह कैसे डकैती डाल सकता था। पुलिस ने उसे फंसाया था। अभी भी पुलिस के पास कोई सबूत नहीं है। इधर पुलिस का कहना है कि सबूतों के आधार पर सूरज को पुलिस ने अपर्णा हत्याकांड और विपणन अधिकारी के घर हुई डकैती के आरोप में गिरफ्तार किया था।
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