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अवैध खनन : किसी पर पांच हजार तो, किसी पर ढाई लाख जुर्माना

Sun, 20 Jan 2019 02:06 AM IST
yashwant yashwant yashwant yashwant
Updated Sun, 20 Jan 2019 02:06 AM IST
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अवैध खनन : किसी पर पांच हजार तो, किसी पर ढाई लाख जुर्माना
माफिया से होगी वसूली - फोटो : अमर उजाला
हल्द्वानी। अवैध खनन में पकड़े गए वाहनों पर वन विभाग ने न्यूनतम पांच हजार से अधिकतम ढाई लाख रुपये तक का जुर्माना लगाया है। यह खुलासा आरटीआई में मांगी गई सूचना में हुआ है।
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लालकुआं निवासी आनंद गोपाल सिंह बिष्ट ने वन विभाग के लोक सूचना अधिकारी से आरटीआई के तहत सूचना मांगी थी। इसमें यह खुलासा हुआ कि अवैध खनन में पकड़े कई वाहनों पर लगी जुर्माना राशि में काफी अंतर है। बबीता अग्रवाल के वाहन पर 18 जनवरी 2017 को एक लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया। एक फरवरी 2017 को भगत सिंह के नाम पर मात्र 10000 की पर्ची कटी है। 22 मार्च 2016 को सौरभ चुफ ाल के नाम पर मात्र 5000 की पर्ची काटी गई। आठ मई 2018 को नजाकत अली की 40 हजार की पर्ची काटी गई है। आरोप है कि इस वाहन का मालिक वन विभाग के एक अधिकारी का बेटा है। इसी तरह पांच जून 2018 को देवेंद्र सिंह राणा से ढाई लाख, हरविंदर सिंह से 5000, कमलेश मेहरा से 7500 रुपये का जुर्माना वसूला गया।
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अवैध खनन में पांच हजार से ढाई लाख तक का जुर्माना
आरटीआई में मांगी गई सूचना में हुआ खुलासा

वाहनों के वन क्षेत्र के अनुसार तय होता है जुर्माना
हल्द्वानी। डीएफओ नीतीश मणि त्रिपाठी के अनुसार अवैध खनन में पकड़े जाने पर वाहनों, वन क्षेत्र, मात्रा के अनुसार जुर्माना तय होता है। आरक्षित वन क्षेत्र और वाहनों के एक से अधिक बार खनन तस्करी में पकड़े जाने पर भी जुर्माने की राशि बढ़ जाती है। अवैध खनन में पकड़े जाने वाले वाहनों पर जुर्माना राशि तय करना डीएफओ का न्यायिक अधिकार है। जुर्माना समझौता राशि के रूप में जमा की जाती है। अगर वाहन स्वामी जुर्माने की राशि से संतुष्ट नहीं है तो वह वन संरक्षक के यहां अपील कर सकता है।
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