{"_id":"616f398f737a74007b456b95","slug":"cm-himself-took-the-front-to-help-the-disaster-victims-haldwani-news-hld4419388197","type":"story","status":"publish","title_hn":"आपदा पीड़ितों की मदद के लिए सीएम ने खुद संभाला मोर्चा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आपदा पीड़ितों की मदद के लिए सीएम ने खुद संभाला मोर्चा
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हल्द्वानी। कुमाऊं में बारिश के कहर और मौतों की संख्या बढ़ने पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पीड़ितों की मदद के लिए खुद मोर्चा संभाल लिया है। देर शाम हल्द्वानी पहुंचकर उन्होंने न सिर्फ क्षतिग्रस्त गोलापुल का निरीक्षण किया बल्कि सर्किट हाउस में अधिकारियों की बैठक में राहत और बचाव कार्य तेज करने को भी कहा। उन्होंने कहा कि वह पीड़ितों की मदद के लिए हल्द्वानी में ही डेरा डाल रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आपदा में बेघर हुए लोगों की अधिकारी संवेदनशीलता के साथ मदद करेंगे। प्रत्येक परिवार को राशन और सहायता मुहैया कराई जाएगी। उन्होंने कहा कि मृतकों के परिजनों को भाग दौड़ न करनी पड़े इसके लिए जिले के अधिकारी नजदीकी स्थान पर शवों का पोस्टमार्टम कराएंगे। बैठक में मंत्री बंशीधर भगत, मंत्री धन सिंह रावत, भाजपा जिलाध्यक्ष प्रदीप बिष्ट आदि मौजूद थे।
24 घंटे के लिए बनाएं कंट्रोल रूम
हल्द्वानी। मुख्यमंत्री ने कुमाऊं का कंट्रोल रुम हल्द्वानी में बनाने के निर्देश दिए, लेकिन ऊधमसिंह नगर का कंट्रोल रूम रुद्रपुर में ही होगा। दोनों कंट्रोल रूम 24 घंटे काम करेंगे। उन्होंने कहा कि पैसे की कमी नहीं आने दी जाएगी। पीड़ितों की मदद के लिए पका भोजन और पानी समय से पहुंचना चाहिए। मौसम साफ होने के बाद गौला पुल के मरम्मत का काम शुरू करना होगा।
विज्ञापन
एक अधिकारी जेसीबी की संख्या नहीं बता सके
हल्द्वानी। मुख्यमंत्री ने सर्किट हाउस में जिले के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक ली। एक अधिकारी नहीं बता सके कि जिले में कितनी जेसीबी लगाई गई है। दूसरे अधिकारी ने बताया कि सड़क से मलबा हटाने के लिए 29 जेसीबी लगाई गई है। अधिकारियों ने दावा किया कि बुधवार को कई सड़कें आवागमन के लिए खोल दी जाएंगी।
एक लाख यात्रियों को बचाया
हल्द्वानी। उच्च शिक्षा एवं आपदा मंत्री धन सिंह रावत ने बताया कि मुख्यमंत्री के साथ वह पांच जिलों का दौरा कर चुके हैं। मुख्यमंत्री ने आपदा आने के 24 घंटे पहले अधिकारियों के साथ वीडियो कांफ्रेंसिंग कर बचाव के लिए अलर्ट किया। यही कारण है कि बाहर से प्रदेश में आए करीब एक लाख यात्री पूरी तरह सुरक्षित हैं।
कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री को एक मिनट बैठने नहीं दिया
हल्द्वानी। मुख्यमंत्री गौला पुल का निरीक्षण करने के बाद सर्किट हाउस में समीक्षा बैठक करने के लिए आए। इस बीच वह आराम करने के लिए एक कमरे में गए तो भाजपा के पदाधिकारी और कार्यकर्ता अंदर घुस गए। इस दौरान अनिल डब्बू, हेमंत द्विवेदी, शंकर कोरंगा आदि मौजूद थे।
घंटों परेशान हुए अधिकारी
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी गौला पुल का निरीक्षण करने के लिए मंगलवार को दोपहर 12 बजे आने वाले थे। मुख्यमंत्री के आगमन की जानकारी मिलने पर एसपी सिटी, एडीएम सिटी सहित अन्य अधिकारी गौलापार स्थित हेलीपैड पर पहुंच गए। कुछ देर बाद मेयर डॉ. जोगेंद्र सिंह रौतेला, अनिल डब्बू सहित पार्टी के अन्य नेता चले आए। डेढ़ बजे पता चला कि मुख्यमंत्री रुद्रप्रयाग उतर गए हैं। दो बजे बाद अधिकारी और नेता लौट गए।
विज्ञापन
मुख्यमंत्री ने कहा कि आपदा में बेघर हुए लोगों की अधिकारी संवेदनशीलता के साथ मदद करेंगे। प्रत्येक परिवार को राशन और सहायता मुहैया कराई जाएगी। उन्होंने कहा कि मृतकों के परिजनों को भाग दौड़ न करनी पड़े इसके लिए जिले के अधिकारी नजदीकी स्थान पर शवों का पोस्टमार्टम कराएंगे। बैठक में मंत्री बंशीधर भगत, मंत्री धन सिंह रावत, भाजपा जिलाध्यक्ष प्रदीप बिष्ट आदि मौजूद थे।
विज्ञापन
24 घंटे के लिए बनाएं कंट्रोल रूम
हल्द्वानी। मुख्यमंत्री ने कुमाऊं का कंट्रोल रुम हल्द्वानी में बनाने के निर्देश दिए, लेकिन ऊधमसिंह नगर का कंट्रोल रूम रुद्रपुर में ही होगा। दोनों कंट्रोल रूम 24 घंटे काम करेंगे। उन्होंने कहा कि पैसे की कमी नहीं आने दी जाएगी। पीड़ितों की मदद के लिए पका भोजन और पानी समय से पहुंचना चाहिए। मौसम साफ होने के बाद गौला पुल के मरम्मत का काम शुरू करना होगा।
विज्ञापन
एक अधिकारी जेसीबी की संख्या नहीं बता सके
हल्द्वानी। मुख्यमंत्री ने सर्किट हाउस में जिले के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक ली। एक अधिकारी नहीं बता सके कि जिले में कितनी जेसीबी लगाई गई है। दूसरे अधिकारी ने बताया कि सड़क से मलबा हटाने के लिए 29 जेसीबी लगाई गई है। अधिकारियों ने दावा किया कि बुधवार को कई सड़कें आवागमन के लिए खोल दी जाएंगी।
एक लाख यात्रियों को बचाया
हल्द्वानी। उच्च शिक्षा एवं आपदा मंत्री धन सिंह रावत ने बताया कि मुख्यमंत्री के साथ वह पांच जिलों का दौरा कर चुके हैं। मुख्यमंत्री ने आपदा आने के 24 घंटे पहले अधिकारियों के साथ वीडियो कांफ्रेंसिंग कर बचाव के लिए अलर्ट किया। यही कारण है कि बाहर से प्रदेश में आए करीब एक लाख यात्री पूरी तरह सुरक्षित हैं।
कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री को एक मिनट बैठने नहीं दिया
हल्द्वानी। मुख्यमंत्री गौला पुल का निरीक्षण करने के बाद सर्किट हाउस में समीक्षा बैठक करने के लिए आए। इस बीच वह आराम करने के लिए एक कमरे में गए तो भाजपा के पदाधिकारी और कार्यकर्ता अंदर घुस गए। इस दौरान अनिल डब्बू, हेमंत द्विवेदी, शंकर कोरंगा आदि मौजूद थे।
घंटों परेशान हुए अधिकारी
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी गौला पुल का निरीक्षण करने के लिए मंगलवार को दोपहर 12 बजे आने वाले थे। मुख्यमंत्री के आगमन की जानकारी मिलने पर एसपी सिटी, एडीएम सिटी सहित अन्य अधिकारी गौलापार स्थित हेलीपैड पर पहुंच गए। कुछ देर बाद मेयर डॉ. जोगेंद्र सिंह रौतेला, अनिल डब्बू सहित पार्टी के अन्य नेता चले आए। डेढ़ बजे पता चला कि मुख्यमंत्री रुद्रप्रयाग उतर गए हैं। दो बजे बाद अधिकारी और नेता लौट गए।