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बंशीधर भगत पांचवीं बार मंत्री बन गए
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हल्द्वानी। सीएम तीरथ सिंह रावत की सरकार में कैबिनेट मंत्री शपथ लेने के साथ बंशीधर भगत पांचवीं बार मंत्री बन गए हैं। वे उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड में बनी विभिन्न सरकारों में मंत्री रहे हैं।
भगत 1991 में पहली बार नैनीताल विधानसभा से विधायक चुने गए। नैनीताल विधानसभा से वर्ष- 1993 और 1996 में विधायक बने। 1996 में खाद्य रसद, पर्वतीय विकास, वन राज्यमंत्री बने। उत्तरांचल में 2000 में कृषि, सहकारिता, पशुपालन, दुग्ध, गन्ना मंत्री की जिम्मेदारी मिली। 2007 में हल्द्वानी विधानसभा क्षेत्र से चुनाव लड़ा और चौथी बार विजयी होने के साथ बीसी खंडूरी सरकार में वन एवं वन्य जंतु पर्यावरण जलागम प्रबंधन, सहकारिता, परिवहन आदि विभागों के मंत्री बने। 2011 में जब बीसी खंडूरी दूसरी बार सीएम बने, तो भगत पुन: कैबिनेट मंत्री बने। वर्ष- 2012 में कालाढूंगी विधानसभा से विधायक चुने गए। इसी सीट से साल-2017 में वह विजयी हुए और 2021 में तीरथ सिंह रावत के मंत्रिमंडल में शामिल हुए।
एक बार चुनाव हारे भगत
हल्द्वानी। भाजपा के कद्दावर नेता बंशीधर भगत चुनाव भी हारे हैं। 2002 के विधानसभा चुनाव में वे हल्द्वानी सीट पर कांग्रेस की डॉ. इंदिरा हृदयेश से चुनाव हार गए थे।
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भगत के घर पर जश्न, आतिशबाजी भी हुई
हल्द्वानी। कैबिनेट मंत्री बंशीधर भगत के लोहरियासाल मल्ला स्थित आवास पर शपथ ग्रहण समारोह शुरू होने से पहले ही समर्थक जुटने लगे थे। शपथ के बाद समर्थकों ने आतिशबाजी कर भगत के पक्ष में नारेबाजी की। ढोल नगाड़ों पर कार्यकर्ता खूब झूमे। बेटे विकास भगत ने कहा कि कैबिनेट मंत्री बंशीधर भगत के अनुभव का लाभ और क्षेत्र के लोगों को मिलेगा। धर्मपत्नी निर्मला भगत ने भी खुशी जताई। इस दौरान परिवार के भुवन भगत, भोला भगत के अलावा भाजपा पश्चिमी मंडल अध्यक्ष नवीन भट्ट समेत काफी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद थे।
फोटो
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भगत 1991 में पहली बार नैनीताल विधानसभा से विधायक चुने गए। नैनीताल विधानसभा से वर्ष- 1993 और 1996 में विधायक बने। 1996 में खाद्य रसद, पर्वतीय विकास, वन राज्यमंत्री बने। उत्तरांचल में 2000 में कृषि, सहकारिता, पशुपालन, दुग्ध, गन्ना मंत्री की जिम्मेदारी मिली। 2007 में हल्द्वानी विधानसभा क्षेत्र से चुनाव लड़ा और चौथी बार विजयी होने के साथ बीसी खंडूरी सरकार में वन एवं वन्य जंतु पर्यावरण जलागम प्रबंधन, सहकारिता, परिवहन आदि विभागों के मंत्री बने। 2011 में जब बीसी खंडूरी दूसरी बार सीएम बने, तो भगत पुन: कैबिनेट मंत्री बने। वर्ष- 2012 में कालाढूंगी विधानसभा से विधायक चुने गए। इसी सीट से साल-2017 में वह विजयी हुए और 2021 में तीरथ सिंह रावत के मंत्रिमंडल में शामिल हुए।
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एक बार चुनाव हारे भगत
हल्द्वानी। भाजपा के कद्दावर नेता बंशीधर भगत चुनाव भी हारे हैं। 2002 के विधानसभा चुनाव में वे हल्द्वानी सीट पर कांग्रेस की डॉ. इंदिरा हृदयेश से चुनाव हार गए थे।
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भगत के घर पर जश्न, आतिशबाजी भी हुई
हल्द्वानी। कैबिनेट मंत्री बंशीधर भगत के लोहरियासाल मल्ला स्थित आवास पर शपथ ग्रहण समारोह शुरू होने से पहले ही समर्थक जुटने लगे थे। शपथ के बाद समर्थकों ने आतिशबाजी कर भगत के पक्ष में नारेबाजी की। ढोल नगाड़ों पर कार्यकर्ता खूब झूमे। बेटे विकास भगत ने कहा कि कैबिनेट मंत्री बंशीधर भगत के अनुभव का लाभ और क्षेत्र के लोगों को मिलेगा। धर्मपत्नी निर्मला भगत ने भी खुशी जताई। इस दौरान परिवार के भुवन भगत, भोला भगत के अलावा भाजपा पश्चिमी मंडल अध्यक्ष नवीन भट्ट समेत काफी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद थे।
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