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प्राइवेट टैंकरों के सहारे हैं शहरवासी
ब्यूरो/अमर उजाला,हल्द्वानी
Updated Tue, 19 May 2015 01:55 AM IST
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शहर के तमाम इलाकों में ट्यूबवेलों की मोटर फुंकी होने से क्षेत्रवासी गंभीर पेयजल संकट से त्रस्त हैं। पूरे शहर की पेयजल व्यवस्था प्राइवेट टैंकरों से सहारे चल रही है। न तो ट्यूबवेल ठीक हो रहे हैं और न ही जल संस्थान टैंकरों से पर्याप्त सप्लाई दे पा रहा है। क्षेत्रवासियों में विभाग की लचर व्यवस्था को लेकर गहरा आक्रोश है।
क्षेत्र के ऊंचापुल, डहरिया, जल संस्थान दफ्तर परिसर, तल्ली हल्द्वानी, फतेहपुर, तेजपुर नेगी, हल्दूचौड़ के ट्यूबवेलों की मोटर फुंकी है और लोग पानी के लिए परेशान हैं। जल संस्थान प्रभावित इलाकों में टैंकर तो भेज रहा है लेकिन उनसे लोगों को नाममात्र का पानी मिल रहा है। इसके अलावा दमुवाढूंगा, कठघयिा, हल्दीखाल, मोटाहल्दू, गोरा पड़ाव, हिम्मतपुर तल्ला, मल्ला, प्रीतमपुरी, जीतपुर नेगी, छड़ायल, जज फार्म आदि इलाकों में भी पेयजल संकट बना हुआ है। क्षेत्रवासियों को 500 से एक हजार रुपये में प्राइवेट टैंकरों से पानी खरीदना पड़ रहा है।
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क्षेत्र के ऊंचापुल, डहरिया, जल संस्थान दफ्तर परिसर, तल्ली हल्द्वानी, फतेहपुर, तेजपुर नेगी, हल्दूचौड़ के ट्यूबवेलों की मोटर फुंकी है और लोग पानी के लिए परेशान हैं। जल संस्थान प्रभावित इलाकों में टैंकर तो भेज रहा है लेकिन उनसे लोगों को नाममात्र का पानी मिल रहा है। इसके अलावा दमुवाढूंगा, कठघयिा, हल्दीखाल, मोटाहल्दू, गोरा पड़ाव, हिम्मतपुर तल्ला, मल्ला, प्रीतमपुरी, जीतपुर नेगी, छड़ायल, जज फार्म आदि इलाकों में भी पेयजल संकट बना हुआ है। क्षेत्रवासियों को 500 से एक हजार रुपये में प्राइवेट टैंकरों से पानी खरीदना पड़ रहा है।
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