{"_id":"5a036db24f1c1b8e698ba1fd","slug":"31510174130-nainital-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"नापजोख की और चलते बने","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नापजोख की और चलते बने
Updated Thu, 09 Nov 2017 02:18 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हल्द्वानी। नगर निगम की दुकानों पर मरम्मत के नाम पर हो रहे अवैध निर्माण के खेल पर बुधवार को अधिकारियों की नींद टूटी तो जरूर मगर वे कुछ कर नहीं पाए। अधिकारियों ने दुकानों की नापजोख की खानापूरी की और कुछ देर बाद चले गए।
मंगल पड़ाव, सदर बाजार, फल मंडी और डाकखाना के आसपास मरम्मत के नाम पर दुकानों के निर्माण का मामला अमर उजाला प्रमुखता से उठा रहा है। कई दुकानों की दीवारें तोड़कर शोरूम बना दिए गए हैं। बताया जा रहा है कि मेयर जोगेंद्र रौतेला ने दर्जनों दुकानों के निर्माण की अनुमति दी है। इस कारण अधिकारी कार्रवाई के नाम पर हाथ खड़ा करने की स्थिति में आ गए थे। दो से तीन मंजिला इमारत खड़ी होने के बाद भी इस अवैध निर्माण पर कार्रवाई नहीं हो रही थी। बुधवार को नगर निगम के अधिकारियों ने इस मामले का संज्ञान लिया तो कर अधीक्षक विजेंद्र चौहान की अगुवाई में टीम पहुंच गई। टीम ने निर्माणाधीन और बन चुकीं दुकानों में अवैध निर्माण की नाप जोख की। बताया जा रहा है कि रिपोर्ट तैयार कर मुख्य नगर अधिकारी को सौंपी जाएगी। इस दौरान कर निरीक्षक भरत त्रिपाठी व पूजा, श्याम खत्री आदि शामिल थे।
आज कार्यकारिणी की बैठक में होगा फैसला
दुकानों की मरम्मत के नाम पर हुए अवैध निर्माण पर नगर निगम की कार्यकारिणी बैठक में फैसला किया जाएगा। बुधवार को मेयर जोगेंद्र रौतेला, मुख्य नगर अधिकारी हरबीर सिंह और सिटी मजिस्ट्रेट पंकज उपाध्याय की बैठक हुई। बैठक में तय किया गया कि इस मुद्दे को बृहस्पतिवार को नगर निगम कार्यकारिणी की होने वाली बैठक में रखा जाएगा। बहुमत से हुए फैसले को माना जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
मंगल पड़ाव, सदर बाजार, फल मंडी और डाकखाना के आसपास मरम्मत के नाम पर दुकानों के निर्माण का मामला अमर उजाला प्रमुखता से उठा रहा है। कई दुकानों की दीवारें तोड़कर शोरूम बना दिए गए हैं। बताया जा रहा है कि मेयर जोगेंद्र रौतेला ने दर्जनों दुकानों के निर्माण की अनुमति दी है। इस कारण अधिकारी कार्रवाई के नाम पर हाथ खड़ा करने की स्थिति में आ गए थे। दो से तीन मंजिला इमारत खड़ी होने के बाद भी इस अवैध निर्माण पर कार्रवाई नहीं हो रही थी। बुधवार को नगर निगम के अधिकारियों ने इस मामले का संज्ञान लिया तो कर अधीक्षक विजेंद्र चौहान की अगुवाई में टीम पहुंच गई। टीम ने निर्माणाधीन और बन चुकीं दुकानों में अवैध निर्माण की नाप जोख की। बताया जा रहा है कि रिपोर्ट तैयार कर मुख्य नगर अधिकारी को सौंपी जाएगी। इस दौरान कर निरीक्षक भरत त्रिपाठी व पूजा, श्याम खत्री आदि शामिल थे।
विज्ञापन
आज कार्यकारिणी की बैठक में होगा फैसला
दुकानों की मरम्मत के नाम पर हुए अवैध निर्माण पर नगर निगम की कार्यकारिणी बैठक में फैसला किया जाएगा। बुधवार को मेयर जोगेंद्र रौतेला, मुख्य नगर अधिकारी हरबीर सिंह और सिटी मजिस्ट्रेट पंकज उपाध्याय की बैठक हुई। बैठक में तय किया गया कि इस मुद्दे को बृहस्पतिवार को नगर निगम कार्यकारिणी की होने वाली बैठक में रखा जाएगा। बहुमत से हुए फैसले को माना जाएगा।
विज्ञापन