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भवाली को प्राधिकरण से मुक्त कराने की मांग को लेकर की नारेबाजी
Updated Wed, 06 Dec 2017 02:26 AM IST
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भवाली (नैनीताल)। व्यापार मंडल के बैनर तले क्षेत्र के व्यापारियों व अन्य संगठनों से जुड़े लोगों ने मंगलवार को भवाली नगर को जिला विकास प्राधिकरण से मुक्त कराने की मांग को लेकर नारेबाजी की। इस दौरान तय किया गया कि बुधवार को तीस सदस्यीय शिष्टमंडल इस मामले में जिलाधिकारी से भेंट करेगा और यदि इसके बाद भी भवाली को प्राधिकरण से मुक्त नहीं किया तो धरना प्रदर्शन और बाजार बंद किया जाएगा।
सभा में वक्ताओं ने कहा कि पिछले एक दशक से नैनीताल और इसके आसपास के क्षेत्रों में झील विकास प्राधिकरण अस्तित्व में था लेकिन शासन ने भवाली और इसके आसपास के क्षेत्रों के लोगों की दिक्कतों को देखते हुए इसे झील विकास प्राधिकरण के दायरे में शामिल नहीं किया था। जब से जिले में जिला विकास प्राधिकरण लागू हुआ है तब से प्राधिकरण की नजर भवाली और इसके आसपास के क्षेत्र में है। व्यापारी नेताओं ने प्राधिकरण के अधिकारियों पर बेवजह लोगों को परेशान करने का भी आरोप लगाया। नारेबाजी के बाद तीस सदस्यीय कमेटी का गठन किया गया जो बुधवार को डीएम दीपेंद्र चौधरी से मिलेगी। व्यापार मंडल अध्यक्ष नरेश पांडे ने बताया कि यदि भवाली को प्राधिकरण के दायरे से मुक्त नहीं किया गया तो व्यापार मंडल बाजार बंद कराने के साथ-साथ धरना प्रदर्शन जैसे आंदोलन को मजबूर होगा। नारेबाजी करने वालों में खष्टी बिष्ट, जगदीश जोशी, भुवन अधिकारी, भगवत प्रसाद, पप्पू खान, खजान भट्ट, लवेंद्र क्वीरा, नीरज अधिकारी, एनके बेलवाल, जिकरान, किशन अधिकारी, राकेश तिवारी, हिमांशु बिष्ट, सुनील आर्या आदि शामिल थे।
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सभा में वक्ताओं ने कहा कि पिछले एक दशक से नैनीताल और इसके आसपास के क्षेत्रों में झील विकास प्राधिकरण अस्तित्व में था लेकिन शासन ने भवाली और इसके आसपास के क्षेत्रों के लोगों की दिक्कतों को देखते हुए इसे झील विकास प्राधिकरण के दायरे में शामिल नहीं किया था। जब से जिले में जिला विकास प्राधिकरण लागू हुआ है तब से प्राधिकरण की नजर भवाली और इसके आसपास के क्षेत्र में है। व्यापारी नेताओं ने प्राधिकरण के अधिकारियों पर बेवजह लोगों को परेशान करने का भी आरोप लगाया। नारेबाजी के बाद तीस सदस्यीय कमेटी का गठन किया गया जो बुधवार को डीएम दीपेंद्र चौधरी से मिलेगी। व्यापार मंडल अध्यक्ष नरेश पांडे ने बताया कि यदि भवाली को प्राधिकरण के दायरे से मुक्त नहीं किया गया तो व्यापार मंडल बाजार बंद कराने के साथ-साथ धरना प्रदर्शन जैसे आंदोलन को मजबूर होगा। नारेबाजी करने वालों में खष्टी बिष्ट, जगदीश जोशी, भुवन अधिकारी, भगवत प्रसाद, पप्पू खान, खजान भट्ट, लवेंद्र क्वीरा, नीरज अधिकारी, एनके बेलवाल, जिकरान, किशन अधिकारी, राकेश तिवारी, हिमांशु बिष्ट, सुनील आर्या आदि शामिल थे।
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