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कई गौला खनन गेटों में उपखनिज खत्म
Updated Sat, 28 Apr 2018 02:12 AM IST
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हल्द्वानी। वन विकास निगम श्रीलंका टापू के पास गौला नदी से उपखनिज चुगान शुरू कराने जा रहा है। इस क्षेत्र से 2.5 से तीन लाख घनमीटर उपखनिज निकाला जाएगा। वन विकास निगम ने इसका सर्वे पूरा कर लिया है। जल्द ही इसको लेकर खनन समिति में प्रस्ताव लाया जाएगा।
गौला नदी के गोरापड़ाव, इंद्रानगर, बेरीपड़ाव सहित चार निकासी गेटों में उपखनिज लक्ष्य समाप्ति की ओर है। उधर, वन विकास निगम इस बार 30 मई तक गौला चलाने जा रहा है। इसे देखते हुए वन विकास निगम ने एक सर्वे किया है। सर्वे रिपोर्ट के अनुसार इस क्षेत्र में वर्षों से खनन नहीं हुआ है। साथ ही श्रीलंका टापू के पास गौला नदी में 2.5 लाख से तीन लाख घनमीटर उपखनिज है। निगम गेटों के उपखनिज लक्ष्य समाप्ति के बाद इस क्षेत्र से उपखनिज की निकासी करवाएगा। इसके लिए निगम ने पूरा प्रस्ताव बनाकर तैयार कर लिया।
जल्द ही इस प्रस्ताव को खनन समिति की बैठक में रखा जाएगा। प्रस्ताव में मोहर लगने के बाद इस क्षेत्र से खनन शुरू हो जाएगा। वन विकास निगम के आरएम एमपीएस रावत ने बताया कि इस प्रस्ताव में काम चल रहा है।
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चार खनन गेटों में निकासी लक्ष्य खत्म होने के कगार पर
2.5 लाख से तीन लाख घनमीटर निकाला जाएगा इस क्षेत्र से उपखनिज
खनन समिति में लाया जाएगा प्रस्ताव
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गौला नदी के गोरापड़ाव, इंद्रानगर, बेरीपड़ाव सहित चार निकासी गेटों में उपखनिज लक्ष्य समाप्ति की ओर है। उधर, वन विकास निगम इस बार 30 मई तक गौला चलाने जा रहा है। इसे देखते हुए वन विकास निगम ने एक सर्वे किया है। सर्वे रिपोर्ट के अनुसार इस क्षेत्र में वर्षों से खनन नहीं हुआ है। साथ ही श्रीलंका टापू के पास गौला नदी में 2.5 लाख से तीन लाख घनमीटर उपखनिज है। निगम गेटों के उपखनिज लक्ष्य समाप्ति के बाद इस क्षेत्र से उपखनिज की निकासी करवाएगा। इसके लिए निगम ने पूरा प्रस्ताव बनाकर तैयार कर लिया।
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जल्द ही इस प्रस्ताव को खनन समिति की बैठक में रखा जाएगा। प्रस्ताव में मोहर लगने के बाद इस क्षेत्र से खनन शुरू हो जाएगा। वन विकास निगम के आरएम एमपीएस रावत ने बताया कि इस प्रस्ताव में काम चल रहा है।
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चार खनन गेटों में निकासी लक्ष्य खत्म होने के कगार पर
2.5 लाख से तीन लाख घनमीटर निकाला जाएगा इस क्षेत्र से उपखनिज
खनन समिति में लाया जाएगा प्रस्ताव